अमृतसरः पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने राज्य में जमीनी स्तर पर पुलिसिंग को और मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए हाल ही में संगरूर से 508 इमरजेंसी रिस्पॉन्स वाहन (ईआरवी) को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया था। अब पंजाब में अमेरिका और यूरोप जैसे विकसित देशों की तर्ज पर महज 6 मिनट में पुलिस सहायता उपलब्ध करवाई जाएगी। उन्होंने कहा कि यह पहल राज्य की कानून‑व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगी। इसी के चलते जिले में ट्रैफिक और कमिश्नरेट पुलिस को और मजबूत बनाने के लिए 5 नई आपातकालीन प्रतिक्रिया गाड़ियां उपलब्ध कराई गई हैं।
इस संबंध में एडीसीपी हरमिंदर सिंह ने बताया कि पुलिस की मुख्य जिम्मेदारी लोगों की जान-माल की रक्षा करना और उनमें सुरक्षा का भावना पैदा करना है। उन्होंने बताया कि ये गाड़ियां 112 आपातकालीन परियोजना के तहत दी गई हैं, जिससे अब किसी भी घटना की सूचना मिलने पर पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंचती है। उनके अनुसार अब पुलिस का प्रतिक्रिया समय 5 से 7 मिनट के बीच होगा। एडीसीपी ने बताया कि इससे पहले पुलिस के पास 41 वाहन और 25 मोटरसाइकिलें थीं, जो 24 घंटे सेवा में तैनात रहती थीं। अब 5 और वाहन शामिल होने से कुल संख्या 46 हो गई है, जिससे शहर के लगभग हर क्षेत्र को कवर किया जा सकेगा। ये नई गाड़ियां आधुनिक सुखौली से लैस हैं, जैसे कि टेलीफोन, टैब और अन्य तकनीकी उपकरण।
नियंत्रण कक्ष से लिंक होने के कारण ये गाड़ियां तुरंत संदेश प्राप्त करती हैं और टीम फौरन मौके की ओर रवाना हो जाती है। उन्होंने कहा कि जहां पहले पुलिस की पहुंचने में देरी होती थी, वहां इन क्षेत्रों में इन्हें तैनात किया गया है ताकि लोगों को तुरंत मदद मिल सके। एडीसीपी हरमिंदर सिंह ने शहर वासियों से अपील की है कि किसी भी आपातकाल या संकट के समय 112 पर कॉल करें, ताकि पुलिस तुरंत सहायता प्रदान कर सके। उन्होंने यह भी बताया कि हर गाड़ी में आमतौर पर 2 कर्मचारी होते हैं, जबकि कुछ गाड़ियों में लेडी कॉन्सटेबल भी तैनात की गई हैं। पुलिस जवानों को लोगों के साथ अच्छे व्यवहार करने और अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।