होशियारपुर: जिले के मुकेरियां के गांव में खेतों में तेंदुएं को लेकर लोगों में दहशत का माहौल पाया गया। लोगों ने बताया कि गन्ने के खेतों में उन्होंने तेंदुएं को तड़पता देखा। लोगों को पहले लगा कि तेंदुआ धूप सेंकने के लिए मिट्टी में लिपट रहा है। जब लोगों ने मोबाइल के जरिए दूर से इसे कैप्चर किया तो पता चला कि वह तड़प रहा है। जैसे ही ये बाहर निकला तो वहां सुअर पकड़ने के लिए लगाए गए ट्रैप में फंस गया। इससे उसका पैर जख्मी हो गया। मुकेरियां के गांव गुजर कतराला के किसान अनिल कटोल ने बताया कि गेहूं की बुआई के बाद खेतों को समतल कर रहा था। इस दौरान उसकी नजर तेंदुए पर पड़ी।
किसान अनिल ने बताया कि दोपहर के वक्त वह गेहूं की बुआई के बाद खेत को सुहागे की मदद से समतल कर रहा था। इस दौरान किसी जानवर की आवाज आई। उसने गन्ने के खेतों की तरफ देखा तो खेत की मेढ़ के साथ तेंदुआ दिखा। वह डर गया और ट्रैक्टर को खेतों में छोड़कर दूर चला गया। इसकी सूचना उसने गांव के सरपंच को दी। किसान ने बताया जैसे ही सरपंच को बात बताई तो पूरे गांव में तेंदुआ दिखने की बात फैल गई और लोग खेत में तेंदुआ देखने के लिए पहुंच गए। गांव के कुछ लड़कों ने मोबाइल से वीडियो बनाकर देखा तो पता चला कि तेंदुआ जंगली सुअर के लिए लगाए गए ट्रैप में फंस गया है। छूटने के चलते जोर लगाने पर इसकी टांग जख्मी हो गई थी जिससे वह मिट्टी में लेटकर तड़प रहा था।
लोगों ने कहा कि तेंदुआ बेशक ट्रैप में फंसा था, लेकिन पहली बार गांव में इसे देख सभी डर गए थे। किसी की भी उसके पास जाने की हिम्मत नहीं हुई। गांव में बच्चे, जानवर और सभी लोग सुरक्षित रहें, इसके लिए इसे पकड़ने के लिए पुलिस थाना मुकेरियां को सूचित किया गया। थाने ने आगे इसकी सूचना वाइल्ड लाइफ विभाग को दी। इसके बाद दोपहर बाद तक तेंदुए को रेस्क्यू किया गया। गांव गुज्जर कतराला के सरपंच मदन लाल ने पुलिस को सूचित किया।
गांव गुज्जर कतराला के सरपंच मदन लाल ने बताया कि किसान अनिल कटोच ने तेंदुआ देखते ही उनको सूचित किया। इसके बाद वह गांव के लोगों को लेकर खेतों में पहुंचे और तेंदुआ दिखने के बाद मुकेरियां थाने की पुलिस और वाइल्ड लाइफ विभाग होशियारपुर को बताया। पहली बार गांव में तेंदुआ दिखा था, जिससे लोगों में इसे देखने की उत्सुकता भी थी। कई नौजवान खेत में पहुंच गए, लेकिन गनीमत रही कि किसी का जानी नुकसान नहीं हुआ। फंसा होने के कारण तेंदुआ काफी अग्रेसिव लग रहा था। छूट जाता तो ये नुकसान कर सकता था।
सरपंच ने बताया कि पुलिस टीम और वन विभाग की टीम ने दोपहर बाद तेंदुए को बेहोश कर रेस्क्यू कर लिया, जिसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली। इससे पहले उन्होंने प्रशासन से जल्द से जल्द तेंदुए को पकड़ने की अपील की थी ताकि कोई जानी नुकसान न हो। तेंदुए को देखने के लिए खेत में पहुंचे लोगों ने कहा कि जब तक तेंदुआ पकड़ा नहीं गया वह डरे हुए थे। गांव में भी लोगों को कह दिया था कि घर से बाहर न निकलें और न ही बच्चों को निकलने दें। लोगों ने बताया कि वह दिन के अलावा रात को भी खेतों में आते हैं, इसलिए यहां तेंदुआ मिलने से डर लग रहा है।