मोगाः विदेश जाकर चार पैसे कमाने और घर की गरीबी दूर करने के चक्कर में मोगा जिले के गांव तखानवध की एक लड़की को विदेश जाने से पहले ही मुंबई पुलिस की जेल की हवा खानी पड़ी। वहीं 7 दिन जेल में बिताने के बाद मोगा जिले के गांव डाला का समाजसेवी बसंत सिंह लड़की की जमानत भरकर उसको बीती शाम मोगा वापिस लाया और लड़की को परिवार के हवाले किया।
जानकारी मुताबिक, मोगा जिले के गांव तखानवध की एक लड़की विदेश में रोजी रोटी कमाने के लिए जाना चाहती थी। इस पर उसने अपनी जान पहचान की राज कौर के साथ इस बारे में बात की तो राज कौर ने लड़की को बाघापुराना के एक एजेंट तरसेम सिंह से मिलवा दिया जिसने लड़की के पासपोर्ट पर वीजा लगवाने के 50 हजार नकद और 30 हजार रुपए गूगल पे ले लिए और लड़की का फर्जी वीजा लगवा दिया। लड़की को पहले डोमेस्टिक फ्लाइट द्वारा दिल्ली से मुंबई भेज दिया और जब लड़की मुंबई से कतर की फ्लाइट पर चढ़ने लगी तो वीजा सही न होने के कारण मुंबई पुलिस ने लड़की को गिरफ्तार कर लिया।
घटना के कुछ दिन बाद लड़की के परिवार वालों को जब सूचना मिली कि उनकी लड़की मुंबई जेल में है तो उन्होंने डाला के रहने वाले बसंत सिंह से बात की। समाजसेवी बसंत सिंह मुम्बई से लड़की को जमानत पर छुड़ाकर लाया और लड़की को माता-पिता के हवाले किया। वहीं बसंत सिंह ने कहा कि लड़की के परिवार वाले उनके साथ गए और 30 हजार रुपए जमानत भर के लड़की को जमानत पर लाएं हैं।
परिवार वाले इस घटना के बाद से सदमे में हैं। उन्होंने इंसाफ की मांग की है और बसंत सिंह का धन्यवाद भी किया हैं। इस मौके पर गांव के सरपंच और समाजसेवियों ने भी इंसाफ की मांग की है कि गरीब परिवार को इंसाफ मिले।