जब तक लोगों को मुआवजा नहीं दे देता चैन की नींद नहीं सोऊंगाः सीएम मान
मोहालीः पंजाब में आई आपदा को लेकर आज सीएम भगवंत मान अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद मीडिया के सामने आए। जहां उन्होंने पंजाब में आई बाढ़ से लोगों के हुए नुकसान की भरपाई के लिए जानकारी दी। दरअसल, आज सीएम मान ने अधिकारियों से मीटिंग की। इस दौरान उन्होंने कहा कि मीटिंग में सभी अधिकारियों को गिरदावरी करने के सख्त निर्देश दे दिए है। उन्होंने कहा कि जब तक वह लोगों को मुआवजा नहीं दे देते वह चैन की नींद नहीं सोएंगे। सीएम मान ने कहा कि हाल ही में उन्होंने खराब हुई फसलों को लेकर 20 हजार रुपए प्रति एकड़ देने का ऐलान किया था। पंजाब के इतिहास में दिया जाने वाला यह सबसे बड़ा मुआवजा है।
लेकिन यह ऐलान ही नहीं होगा, लोगों को उनके हाथों में इसका चैक भी सौंपा जाएगा। पिछली सरकारों के समय से लोगों को 26-26 रुपए का मुआवजा मिलता। उन्होंने कहा कि लोगों के हुए नुकसान का अभी मुआवजा देना जरूरी है। साल-साल अफसरों के पास लोगों को चक्कर काटने पड़ते थे। ऐसे में इसे ऐलान तक सीमित नहीं रहने दिया जाएगा। सीएम मान ने कहा कि वह खुद किसान के बेटे है और उन्हें इन हालातों के बारे में सब कुछ पता है। जहां-जहां गांवों में पानी कम हुआ है, वहां पर अधिकारियों को घरों, फसलों और पशुओं के नुकसान की गिरदावरी करने के लिए सख्त निर्देश दिए गए है। उन्होंने कहा कि सरकार पंजाब के किसी चूल्हे को बंद नहीं रहने देंगी।
सीएम मान ने कहा कि 30 से 40 दिनों में सभी गांवों में गिरदावरी करके रिकार्ड पेश करने के निर्देश दिए गए हैं। चैक लोगों को देने के लिए तैयार पड़े हुए है। ऐसे में फसल खराब होने पर 20 हजार रुपए एकड़ दिए जाएंगे। गांव-गांव जाकर अधिकारी गांवों के हालातों का जायजा लेकर रिकार्ड तैयार करेंगे। रिपोर्ट बनने के बाद लोगों को भी एक सप्ताह का समय दिया जाएगा कि कहीं अधिकारियों द्वारा रिकार्ड गलत तो नहीं लिखा गया।
क्योंकि कई बार जिनका नुकसान अधिक हुआ होता है उनका रिकार्ड में कम खर्च दर्ज होता है। कई बार कुछ लोग अधिकारियों से संपर्क करके मुआवजे का खर्च डाल देते है। ऐसे में जिनका नुकसान होता है उनका रिकार्ड दर्ज नहीं किया जाता। वहीं जहां लोगों को 100 प्रतिशत नुकसान हुआ है, वहां उन्हें एक महीने के अंदर चैक दे दिया जाएंगा। घरों के नुकसान की भरपाई सरकार द्वारा की जाएगी और उसे नुकसान की भरपाई को बढ़ाया भी जाएगा।
सीएम मान ने कहा कि एसडीआरएफ के कानून में 6800 रुपए का मुआवजा मिलता है। ऐसे में वह इसे बढ़ाकर 40 हजार करेंगे। जिन लोगों का पशुओं का नुकसान हुआ है, उन्हें 3700 रुपए मुआवजा दिया जाएंगा। जिन लोगों की घरों की छतों से पानी टपक रहा और वह घर में रह नहीं पा रहे, उन लोगों को भी 100 प्रतिशत मुआवजा मिलेगा। पंजाब में आई बाढ़ से 55 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जिसमें अब तक 42 मृतकों के परिवारों को मुआवजा दे दिया गया है। हालांकि अन्य मृतकों के शवों की तालाश जारी है और कुछ के वारिसों की तालाश की जा रही है।
