लुधियानाः त्योहारों का सीजन खत्म होते ही पंजाब में एक बार फिर हवा की गुणवत्ता बिगड़ने लगी है। प्रदेश के कई शहरों में वायु प्रदूषण का स्तर तेजी से बढ़ रहा है, जिससे लोगों को श्वास संबंधी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। खासकर बुजुर्गों, बच्चों और अस्थमा के मरीजों के लिए यह हालात चिंताजनक बनते जा रहे हैं। दरअसल, एक और पटाखों के कारण जहरीली हवा हो रही है, वहीं पराली जलाने के मामलों में हो रही बढ़ौतरी को लेकर भी हवा जहरीली हो रही है। वहीं मामले की जानकारी देते हुए सिविल सर्जन रमन दीप ने एडवाइजरी जारी की है।
इस दौरान उन्होंने कहा कि सभी लोगों आजकल स्मार्ट फोन का इस्तेमाल कर रहे हैं, ऐसे में वह एआईक्यू लैवल की जांच फोन पर जरूर करें। उन्होंने कहा कि त्यौहारी सीजन में लोगों द्वारा काफी मात्रा में पटाखे चलाए गए। वहीं कुछ लोग कूड़े को या घास को आग लगा रहे है। जिसके चलते लोगों में खुजली, गले में खराश, खांसी सहित अन्य समस्याए हो रही है, जिसमें खास तौर पर अस्थमा वाले मरीजों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने बच्चों और बुजुर्गों से ऐसे में सुबह और शाम को बाहर ना निकलने की अपील की है।
सिविल सर्जन ने कहा कि अगर किसी में खुजली, गले में खराश, खांसी सहित श्वास संबंधी समस्या होती है तो वह नजदीकी डॉक्टर के पास जाकर तुरंत इलाज करवाए। उन्होंने कहा कि इस सिविल अस्पताल में 300 बेड उपलब्ध है। वहीं अस्पताल में 6 अर्बन क्मयूनिटी हैल्थ सैंटर मौजूद है। इसके अलावा 11 रूरल क्म्यूनिटी हैल्थ सैंटर मौजूद है। लुधियाना में अब तक 400 केस सामने आए है। उन्होंने लोगों से घरों में पानी इकट्ठा ना होने की अपील की है। सिविल सर्जन ने कहाकि मास मीडिया टीम द्वारा लगातार स्कूलों में सैमिनार लगाकर लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
