पठानकोटः पंजाब सरकार ने 27 अगस्त को माधोपुर हेडवर्क्स के 3 फ्लड गेट टूट कर बह जाने की घटना की जांच के आदेश देते हुए हाल ही में बैराज पर तैनात 3 अधिकारियों को निलंबित किया था। इस दौरान आप सरकार ने राज्य बांध सुरक्षा संगठन ने निष्पक्ष जांच के लिए एक पांच सदस्यीय विशेषज्ञ समिति का गठन किया है। समिति की अध्यक्षता हाइड्रोचैनल विशेषज्ञ एके बजाज करेंगे जबकि प्रदीप कुमार गुप्ता, संजीव सूरी, एनके जैन और व्यास देव सदस्य होंगे।
वहीं इस मामले को लेकर कहा जा रहा हैकि सरकार लेवल बिज़ प्राइवेट लिमिटेड कंपनी को ब्लैकलिस्ट कर सकती है। सूत्रों के अनुसार 26 सितंबर को विधानसभा के विशेष सत्र से पहले सरकार कंपनी को ब्लैकलिस्ट करने की घोषणा कर सकती है। जल स्रोत मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने पिछले दिनों लेवल बिज़ प्राइवेट लिमिटेड कंपनी को नोटिस जारी करने की जानकारी दी थी।
गोयल ने दावा किया था कि कंपनी ने सरकार को माधोपुर हैडवर्क्स के गेट सही होने के संबंध में अपनी तकनीकी रिपोर्ट दी थी। लगातार बारिश होने से रावी नदी में पानी की मात्रा बढ़ने के कारण रणजीत सागर डैम में पानी का प्रवाह बढ़ गया, जिससे 27 अगस्त को 3 फ्लड गेट टूट गए थे। गेट टूटने से जल स्रोत विभाग के एक कर्मचारी का पानी में बहने से निधन हो गया। प्रदेश या देश के इतिहास में यह पहली बार है कि हैडवर्क का बांध टूटा है, जिसके कारण प्रदेश सरकार की काफी किरकिरी हुई है।
जल स्रोत विभाग के मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने घटनाओं के मद्देनज़र प्राइवेट कंपनी को नोटिस जारी करने और जांच कराने की बात कही थी। बताया जाता है कि विभाग के प्रिंसिपल सेक्रेटरी ने जांच रिपोर्ट मुख्य सचिव को सौंपी थी। विभाग के एक्शन के बाद नितिन सूद, एसडीओ अरुण कुमार और जेई सचिन को निलंबित कर दिया गया है। अब सरकार ने उक्त कंपनी को भी ब्लैकलिस्ट करने की तैयारी शुरू कर दी है।
