लुधियाना: जिले के पॉश इलाके मॉडल टाउन प्रीतम नगर में देर रात उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक तेज रफ्तार निसान सनी कार ने जबरदस्त उत्पात मचाया। नशे या लापरवाही के कारण बेकाबू हुई इस कार ने न केवल बिजली के खंभों को तोड़ा बल्कि घर के बाहर खड़ी एक महंगी मर्सिडीज कार को भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया। हादसे के बाद कार सवार दो युवतियां और एक युवक मौके से फरार होने में कामयाब रहे। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार निसान सनी कार काफी तेज रफ्तार में थी। सबसे पहले कार एक बिजली के ट्रांसफार्मर वाले खंभे से टकराई। वहां से भागने की कोशिश में चालक ने कार की रफ्तार और बढ़ा दी, लेकिन महज 100 मीटर की दूरी पर कार फिर बेकाबू होकर दो अन्य बिजली के खंभों में जा घुसी।
टक्कर इतनी भीषण थी कि बिजली के खंभे टेढ़े हो गए और पूरे इलाके की बिजली गुल हो गई। हादसे का सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया है, जिसमें साफ नजर आ रहा है कि गाड़ी किस तरह सीधे खंभे से टकराई है। टक्कर के बाद जोरदार धमाका हुआ और चिंगारियां निकलीं, जिसके तुरंत बाद कार में से तीन लोग बाहर निकलते हुए दिखाई दे रहे हैं। पीड़ित मर्सिडीज कार के मालिक अर्शदीप ने बताया, हम घर के अंदर थे, तभी अचानक बाहर जोरदार धमाका हुआ। जब बाहर निकलकर देखा तो दंग रह गए। घर के बाहर लगे दो खंभों में एक कार घुसी हुई थी। उस कार ने हमारी मर्सिडीज को भी जोरदार टक्कर मारी थी, जिससे उसे काफी नुकसान पहुँचा है।
हमने देखा कि कार में दो लड़कियां और एक सरदार लड़का सवार था। गाड़ी एक लड़की चला रही थी। जैसे ही लोग इकट्ठा होने लगे, वे तीनों मौका पाकर वहां से भाग निकले। हादसे की सूचना मिलते ही बिजली विभाग के कर्मचारी और मॉडल टाउन थाने की पुलिस टीम मौके पर पहुँची। बिजली विभाग के जेई (JE) ने बताया कि इस टक्कर के कारण विभाग को काफी नुकसान हुआ है और बिजली की लाइनें पूरी तरह ठप हो गई हैं। मरम्मत का काम शुरू कर दिया गया है और खंभों को ठीक करने के बाद ही इलाके की सप्लाई बहाल की जा सकेगी।
मॉडल टाउन के नाइट ड्यूटी ऑफिसर ने मामले की पुष्टि करते हुए कहा कि पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त निसान सनी कार को कब्जे में ले लिया है। तलाशी के दौरान कार के भीतर से दो मोबाइल फोन और एक पर्स बरामद हुआ है। पुलिस इन सबूतों के आधार पर कार मालिक और उसमें सवार युवक-युवतियों की पहचान करने में जुटी है। आसपास के अन्य सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है ताकि आरोपियों के भागने के रूट का पता लगाया जा सके।