चंडीगढ़ : पंजाब की जेलों में गैंगवार की आशंका है। हालांकि जेल विभाग और पंजाब पुलिस चौकस है। दिल्ली की तिहाड़ जेल में गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के एक साथी के कत्ल के बाद मिले खुफिया इनपुट के आधार पर पंजाब में उन सभी जेलों में निगरानी बढ़ा दी गई है, जिनमें गैंगस्टर और उनके साथी बंद हैं।
पुलिस सूत्रों के अनुसार जेलों में पहले से ही गैंगस्टरों को अलग-अलग रखा जाता है लेकिन उनके गुर्गों की गतिविधियों पर अब गंभीरता से नजर रखी जा रही है। खुफिया इनपुट पंजाब के अलावा हरियाणा और दिल्ली पुलिस को दिया गया है। इसमें कहा गया है कि गैंगस्टर गुटों के बीच विवाद जेलों में भी गैंगवार की शक्ल ले सकता है। इसे रोकने के लिए तीनों राज्यों की पुलिस के बीच तालमेल बनाने की बात भी कही गई है।
लॉरेंस बिश्नोई के साथी प्रिंस तेवतिया की हत्या में फिलहाल पुलिस के हाथ खाली हैं लेकिन यह आशंका जताई जा रही है कि इस हत्या से जेलों में गैंगवार छिड़ सकती है। दरअसल, बीते दिनों लॉरेंस बिश्नोई ने एक निजी चैनल को दिए इंटरव्यू के दौरान पंजाब में गैंगस्टर गुटों के परस्पर तार और टकराव के राज खोले थे। गायक सिद्धू मूसेवाला की हत्या के बाद भी मूसेवाला के पक्ष और विपक्ष वाले गैंगस्टर एक-दूसरे पर हमले की चेतावनी दे चुके हैं।
पंजाब पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि सूबे की जेलों में पहले से गैंगस्टरों को अन्य कैदियों से अलग रखने की व्यवस्था है लेकिन अभी तक इन गैंगस्टरों के गुर्गों को लेकर कोई खास व्यवस्था नहीं की गई, जिसके लिए अब फैसला ले लिया गया है कि अलग-अलग गुटों से संबंधित गुर्गों को भी एक-दूसरे से अलग रखा जाए।