फतेहगढ़ साहिबः लोकसभा चुनाव से पहले आप पार्टी ने कांग्रेस को बड़ा झटका दिया है। पूर्व विधायक गुरप्रीत सिंह जीपी को सीएम भगवंत मान ने आप पार्टी में शामिल करवाया है। बता दें कि गुरप्रीत सिंह जीपी ने बस्सी पठाना से 2017 में कांग्रेस के MLA की चुनाव में जीत हासिल की थी। गौरतलब है कि लोकसभा चुनावों को लेकर पार्टियों द्वारा उम्मीदवारों ने नामों का ऐलान शुरू हो गया है। वहीं भाजपा और कांग्रेस द्वारा लिस्ट जारी होने के बाद सियासी हलचल तेज हो गई है। वहीं सियासी पार्टियों में जोड़तोड़ का सिलसिला एक बार फिर से शुरू हो गया है। बताया जा रहा है कि फतेहगढ़ साहिब से जीपी को उम्मीदवार घोषित किया जा सकता है।
पार्टी में शामिल होने के बाद जीपी ने कहा कि कांग्रेस में अनुशासन नहीं है। कांग्रेस में हर नेता परिवार की सोचता है। जीपी फतेहगढ़ साहिब कांग्रेस के जिलाध्यक्ष थे। गुरप्रीत सिंह जीपी मोहाली के रहने वाले हैं। उन्हें 2017 में विधानसभा चुनाव में बस्सी पठाना से कांग्रेस ने टिकट दी थी। जीपी ने आप के संतोख सिंह सलाना और अकाली दल के दरबारा सिंह गुरु को हराया था। वहीं 2022 के चुनाव में वह आप के रूपिंदर सिंह हैप्पी से हार गए थे।
गुरप्रीत सिंह जीपी को ज्यादा नाराजगी पूर्व सीएम चरणजीत सिंह चन्नी से है। क्योंकि चन्नी के भाई डॉक्टर मनोहर सिंह भी बस्सी पठाना से कांग्रेस की टिकट मांगते थे। उस समय बड़ी मुश्किल से जीपी को टिकट मिली थी। फिर चन्नी के भाई आजाद चुनाव लड़े थे। जीपी 2022 में हारने की वजह चन्नी के भाई को मानते हैं। जीपी इस वजह से नाराज हैं कि पार्टी हाईकमान ने चन्नी के खिलाफ कोई एक्शन नहीं लिया।
