उत्तर प्रदेशः मिर्जापुर जिले में एक ऐसा अनोखा गांव है जिसका नाम सुनते ही आपकी हंसी रुकने का नाम नहीं लेगी। यह गांव है मुहकुचवा, जो अपने अजीबो-गरीब नाम के कारण खासा चर्चित है। मिर्जापुर शहर से मात्र 3 किलोमीटर दूर स्थित इस गांव का नाम सुनते ही लोग हैरान रह जाते हैं और इसके पीछे की दिलचस्प कहानी जानने के लिए उत्सुक हो जाते हैं।
कैसे पड़ा मुहकुचवा गांव का नाम?
गांववालों की मानें तो इस इलाके में पहले एक शराब की दुकान थी, जहां लोग शराब पीकर गाली-गलौज करते और विवाद होने पर एक-दूसरे के मुंह पर थप्पड़ मारते थे। गाली-गलौज और थप्पड़बाजी की वजह से यह इलाका धीरे-धीरे “मुहकुचवा” कहलाने लगा। स्थानीय लोग कहते हैं कि ‘तुम्हारा मुंह कूंच देंगे’ जैसी कहावत इस नाम के पीछे की कहानी को बखूबी बयान करती है। कागजी दस्तावेजों में भी इसे “मुहकूचवाँ” के नाम से दर्ज किया गया है।
मुहकुचवा की आबादी लगभग 2 हजार है। गांव भरुहना ग्रामसभा के अंतर्गत आता है और यहां एक नवीन राजकीय हाई स्कूल तथा एक मॉडल प्राइमरी स्कूल भी मौजूद हैं। मिर्जापुर शहर के करीब होने की वजह से यहां बड़ा बाजार भी लगता है, जिससे ग्रामीणों की रोजमर्रा की जरूरतें पूरी होती हैं।
उत्तर प्रदेश में कई गांव ऐसे हैं जिनके नाम या रीति-रिवाज असामान्य और रोचक हैं। कुछ गांवों के नाम पशु-पक्षियों से जुड़े हैं, तो कुछ में अनोखे रीति-रिवाज चलते हैं। मिर्जापुर का मुहकुचवा भी इन गांवों की सूची में अपनी अनूठी पहचान बनाए हुए है।
