नई दिल्ली: टाटा समूह के स्वामित्व वाली लग्जरी कार निर्माता कंपनी जगुआर लैंड रोवर ने अपने अगले चीफ एक्जीक्यूटिव ऑफिसर की नियुक्ति का ऐलान कर दिया है। पी.बी बालाजी का नाम कंपनी के द्वारा सामने आया है। बालाजी नवंबर 2025 में मौजूदा सीआईओ एड्रियन मार्डेल का एग्रीमेंट पूरा होने पर पद छोड़ने के बाद अपनी पोजिशन संभालेंगे। पी.बी बालाजी ऐसे पहले भारतीय हैं जो लग्जरी ब्रिटिश कार निर्माता कंपनी के सीईओ बने हैं।
कई कंपनियों के बोर्ड में शामिल हैं पी.बी बालाजी
पी.बी बालाजी लंबे समय से टाटा ग्रुप के साथ जुड़े हैं। वह ग्रुप की कई कंपनियों के बोर्ड में शामिल हैं जिनमें जगुआर लैंड रोवर ऑटोमोटिव पीएलसी (यूके), टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स, टाटा पैसेंजर इलेक्ट्रिक मोबिलिटी और एयर इंडिया जैसे नाम शामिल हैं। 4 अगस्त 2025 को स्टॉक एक्सचेंज फाइलिंग में टाटा ग्रुप ने अपने इस फैसले का ऐलान कर दिया है कि बालाजी अब जगुआर लैंड-रोवर की कमान संभालेंगे। बालाजी की नियुक्ति एक बड़े बदलाव का प्रतीक बताई जा रही है और ऐसे उम्मीद भी की जा रही है कि आने वाले समय में जगुआर लैंड-रोवर और भी अच्छे से काम करेगा।
आखिर कौन है पी.बी बालाजी?
पी.बी बालाजी ने आईआईटी मद्रास (1991) से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में बीटेक और आईआईएम कलकत्ता (1993) से मैनेजमेंट में गैजुएट डिप्लोमा किया है। बालाजी ने 1995 में यूनिलीवर के साथ अपने करियर की शुरुआत की और भारत, सिंगापुर, यूके और स्विटजरलैंड में सीनियर कॉर्पोरेट फाइनेंस पदों पर काम किया है।
2017 तक वो हिंदुस्तान यूनिलीवर लिमिटेड के चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर के पद पर भी तैनात रहे हैं। नवंबर 2017 में बालाजी टाटा मोटर्स में ग्रुप चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर के तौर पर शामिल हुए और एक महीने के बाद उन्हें जगुआर लैंड रोवर ऑटोमोटिव पीएलसी (यूके) के बोर्ड में एक गैर कार्यकारी निदेशक के तौर पर नियुक्त हुए। बतौर चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर के तौर पर वह टाटा मोटर्स के कार्यकारी समिति के सदस्य हैं।
जगुआर लैंड रोवर के सीईओ के तौर पर बालाजी से कंपनी को और भी अच्छी स्थिति में ले जाने की उम्मीद जताई जा रही हैं। उनकी नियुक्ति ऐसे समय में हुई जब कार इंडस्ट्री तेजी से बदल रही है। इसमें इलेक्ट्रिक वाहनों, सस्टेनेबल मोबिलिटी और नई तकनीक की ओर जोरदार रुझान देखने को भी मिल रहा है। ऐसे में बालाजी का दशकों का अनुभव कंपनी को और भी फायदे देगा।