अमृतसरः शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने मोहाली स्थित गुरुद्वारा अंब साहिब की जमीन की अवैध बिक्री के मामले में कड़ा रुख अपनाया है। शिरोमणि कमेटी के मुख्य सचिव कुलवंत सिंह मन्नन ने कहा कि गुरु-घर के प्रति संगत की श्रद्धा और दान से बनी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।
SGPC के मुख्य सचिव कुलवंत सिंह मन्नन ने खुलासा किया कि 7 सदस्यीय उप-समिति की जांच में यह सामने आया है कि गुरुद्वारा साहिब की अमूल्य जमीन को नियमों का उल्लंघन करते हुए बहुत कम कीमत पर बेच दिया गया। इस घोटाले में शिरोमणि कमेटी के कुछ अधिकारियों की खरीदारों के साथ सीधी मिलीभगत पाई गई है। इस मामले में सचिव प्रताप सिंह को पहले ही निलंबित किया जा चुका है और अब ताजा रिपोर्ट के आधार पर 2 अन्य कर्मचारियों, जतिंदर सिंह और गुरमेज सिंह को भी निलंबित कर दिया गया है।
जानकारी के अनुसार जतिंदर सिंह धर्म प्रचार कमेटी के अवतार सिंह (सचिव) के अधीन प्रभारी थे और गुरमेज सिंह कंप्यूटर अनुभाग में कार्यरत थे। मुख्य सचिव ने कहा कि पुलिस जांच और आंतरिक जांच के माध्यम से ‘दूध का दूध और पानी का पानी’ किया जाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इन अधिकारियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई को और तेज करने के निर्देश दिए गए हैं। भावुक होते हुए कुलवंत सिंह मन्नन ने कहा कि संगत अपनी मन्नतें और अपनी मेहनत की कमाई गुरु-घर की गोलक में समर्पित करती है। ऐसे पैसे या संपत्ति का दुरुपयोग करना एक बड़ा अपराध है। उन्होंने SGPC अध्यक्ष का हवाला देते हुए दोहराया कि संगठन में किसी भी तरह का भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और यदि आगे की पूछताछ में कोई अन्य दोषी पाया जाता है, तो उसके खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जाएगी।