जालंधर, ENS: देश भर में आज ट्रेड यूनियन और किसानों द्वारा केंद्र के खिलाफ प्रदर्शन किया जा रहा है। दरअसल, मजदूरों का कहना है कि केंद्र द्वारा 29 लेबर कानून को हटाकर 4 लेबर कानून बनाए जा रहे है। जिसमें उनके साथ धक्केशाही की जा रही है और उनका कामकाज ठप्प हो रहा है। इस प्रदर्शन को लेकर आज संविधान चौक के पास स्थित देश भगत यादगार हाल के बाहर मजदूर यूनियन द्वारा शांतिमय ढंग से प्रदर्शन किया जा रहा है। वहीं मजदूरों के प्रदर्शन के दौरान भारी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात की गई है। इस दौरान पुलिस द्वारा माहौल खराब ना हो उसके लिए वाटर कैनन की मशीनें और पुलिस बसें भी मंगवाई हुई है।
मजदूरों का कहना है कि ऑल इंडिया बैंक एम्प्लॉइज़ एसोसिएशन (एआईबीईए) की ओर से भारत और अमेरिका के बीच हुई ट्रेड डील के खिलाफ ट्रेड यूनियन, किसान संगठन और कर्मचारी संगठन के ऐलान पर यह हड़ताल की गई है। उन्होंने कहा कि आज देश भर के मजूदर कर्मियों द्वारा एक दिन की हड़ताल है। इससे केंद्र को वह बताना चाहते है कि वह कानूनों को लागू नहीं होने देंगे और कहा कि आज बैंकों की हड़ताल नहीं है, बल्कि देश भर के सभी विभागों में काम कर रहे मजदूरों की ओर से ऐलान किया गया है।
मामले की जानकारी देते हुए केंद्र मजदूर यूनियन पंजाब कशमीर सिंह ने कहा कि मजूदरों ने लंबी लड़ाई लड़कर अपनी जान की कुर्बानी देकर भलाई के लिए कुछ कानून बनाए थे। जिसमें मजदूरी मारने वाले मालिकों के खिलाफ हक की लड़ाई लड़ने के लिए लेबर कोर्ट में जाने का कानून भी शामिल था। उन्होंने कहा कि आज केंद्र द्वारा इन सभी कानूनों को खत्म करके 4 कानून बनाए गए है जो मजदूरों के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि 1 अप्रैल 2026 को यह 4 नए कानून लागू करने जा रही है। ऐसे में इसके विरोध में देश भर में मजूदरों द्वारा हड़ताल की जा रही है। इस हड़ताल में सभी यूनियन शामिल है। वहीं आशा वर्कर सहित अन्य मजदूरों को पक्का करने के लिए मांग की जा रही है।
