जालंधर, ENS: देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारतीय खिलाड़ियों से मुलाकात करके आश्वासन दिया था कि 2036 में भारत में ओलपिंक करवाने के प्रयास किए जाएंगे। वहीं इस मामले को लेकर कांग्रेस विधायक व हॉकी के पूर्व कोच परगट सिंह ने कहा कि स्पोर्ट्स के कल्चर को प्रमोट करना पीएम मोदी के लिए अच्छी बात है। उन्होंने कहा कि चाईना जैसे अन्य देश 2040 की अभी से तैयारियां कर रहे है। परगट सिंह ने कहा कि हमारे ज्यादा राजनीतिक लोगों को स्पोर्ट्स का कान्सेप्ट ही नहीं पता है कि एक खिलाड़ी को बनने में कितने साल लगते है। परगट सिंह ने कहा कि एक खिलाड़ी को बनने में कम से कम 10 से 15 साल लग जाते है। जिसके बाद डिपेंड करता है कि खिलाड़ी की परफार्मेंस कैसे है और हम कैसे उसे ग्रूम कर रहे है। परगट सिंह ने कहा कि हमारा जो पॉलिटिक्ल थॉट प्रोसेस है, उन्हें यह नहीं पता कि खिलाड़ी को बनने में इतने लंबे समय का प्रोसेस लगता है।
खिलाड़ी स्कूल के बाद कॉलेज और क्लब से गुजरता है जिसके बाद वह खिलाड़ी बनता है। परगट सिंह ने कहा कि ओलंपिक अगर भारत में हो पहले 5 से 7 देशों में खिलाड़ियों द्वारा मेडल जीतकर भारत की झोली में आने चाहिए। उन्होंने पीएम मोदी से अपील करते हुए कहा कि खेलों के प्रति जो उनका नजरिया है वह ठीक है लेकिन खेलों को लेकर बजट काफी कम है। उन्होंने कहा कि हमें इंसान को बनाने में उसकी पढ़ाई और स्पोर्ट्स के कोच का अहम रोल होता है। परगट सिंह ने कहा कि स्टेट की मैनेजमेंट सहित अन्य मैनेजमेंट को गांव-गांव में जाकर खिलाड़ी की तालाश के अहम रोल अदा करना चाहिए। वहीं भारत में ओलंपिक को लेकर परगट सिंह ने कहा कि भारत एक ऐसा देश है जो तेजी से विकसित हो रहा है, लेकिन स्पोर्ट्स करवाने के लिए वह सुविधाएं नहीं है जो विदेशों में 1960 और 1970 में पहले से मौजूद है। वहीं विदेशी कोच को लेकर उन्होंने कहा कि उनकी आय काफी ज्यादा है, ऐसे में हमें अपने देश के कोच को चुनना चाहिए।
वहीं भारत और कनाडा के रिश्तों में आई दरार और हाल ही में कनाडा में हिंदू मंदिर पर हुए हमले को लेकर परगट सिंह ने कहा कि वह किसी समुदाय को स्पोर्ट नहीं कर रहे। परगट सिंह ने कहा कि अगर खालिस्तानियों ने हिंदू मंदिर पर हमला किया है तो उन्हें सजा मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि जहां तक उन्हें पता है कि इस मामले में हिंदू मंदिर के पुजारी को निलबिंत कर दिया गया है। वहीं उन्होंने भारत और कनाडा के रिश्तों में आई दरार को लेकर कहाकि केंद्र सरकार को इस मामले के लिए बैठकर बात करनी चाहिए मसले को सुलझाना चाहिए। उन्होंने कहा कि 1947 से पहले देखा जाए तो किसी सिख ने आज तक किसी धर्म पर हमला नहीं किया है।
विधानसभा चुनाव को लेकर तारीखों में बदलाव किया गया है। वहीं एसजीपीसी के प्रधान द्वारा कांग्रेस और आप पार्टी को समर्थन देने के मामले को लेकर परगट सिंह ने कहाकि ऐसा कुछ नहीं है। परगट सिंह ने कहा कि हाल ही में उन्होंने एसजीपीसी के कुछ लीडर से मुलाकात की थी। इस दौरान उन्होंने हिंदू और सिख समुदाय से मुद्दों को सुलझाने की अपील की थी। उन्होंने कहा कि हमारी धार्मिक संस्था एसजीपीसी और अकाल तख्त की मर्यादा को किसी तरह की ठेस नहीं पहुंचाई जानी चाहिए।
नगर निगम चुनाव को लेकर परगट सिंह ने कहा कि पंजाब सरकार ने सुप्रीम कोर्ट का रूख किया है। उन्होंने कहा कि हाईकोर्ट ने पहले 15 दिन का समय सरकार को दिया था। परगट सिंह ने कहा कि चुनावों में देरी होने से काफी नुकसान हो रहा है। परगट सिंह ने कहा कि पिछले ढाई साल से 8 कमिश्नर बदले जा चुके है, जब भी कोई कमिश्नर आता है तो वह उससे अक्सर पूछते है कि आप काम करोंगे या नहीं करोंगे। उन्होंने कहा कि अफसर अक्सर उन्हें कहते हैकि अगर वह यहां पर रहेंगे तो कोशिश है कि वह काम को पूर्ण रूप से करेंगे।
बरगाड़ी मामले को लेकर परगट सिंह ने कहा कि आप पार्टी ने सत्ता में आने से पहले इंसाफ दिलाने की बात कही थी। लेकिन अब 3 साल का समय बीतने वाला है। अभी तक लोगों को इंसाफ नहीं मिला। वहीं सीएम भगवंत मान द्वारा कुछ समय ओर मांगने के मामले में परगट सिंह ने कहा कि आप सरकार के पास शायद 6 से 8 माह रह गए है। परगट सिंह ने सीएम मान पर निशाना साधते हुए कहा कि वह पिंजरे में बंद हो गए है और उनके पर काट दिए गए। उन्होंने कहा कि दिल्ली वालों ने उन्हें कंट्रोल में कर लिया है। परगट सिंह ने कहा कि भगवंत मान जितने कमजोर सीएम शायद उन्होंने आज तक पंजाब में कोई ओर नहीं देखा है।
