जालंधर, ENS: ईडी के जालंधर जोनल कार्यालय ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में 31 दिसंबर 2025 को की गई छापेमारी को लेकर एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपी की पहचान अर्पित राठौर के रूप में हुई है। मिली जानकारी के अनुसार यह कार्रवाई डिजिटल अरेस्ट मामले में उद्योगपति एसपी ओसवाल से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग प्रकरण के तहत की गई, जो पीएमएलए, 2002 के अंतर्गत दर्ज किया गया है।
ईडी टीम को आरोपी अर्पित राठौर के कब्जे से आपत्तिजनक दस्तावेज, डिजिटल डिवाइस और 14 लाख रुपए की नकदी बरामद की गई। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को माननीय एसीजेएम, कानपुर की अदालत में पेश किया गया, जहां से आरोपी को 2 दिन की ट्रांजिट रिमांड दी गई। ट्रांजिट रिमांड समाप्त होने के बाद आरोपी को माननीय विशेष अदालत, जालंधर में पेश किया गया। विशेष अदालत ने ईडी की दलीलों को सुनने के बाद आरोपी को 5 जनवरी तक की ईडी कस्टडी में भेजने के आदेश दिए।
ईडी जालंधर जोनल कार्यालय की टीम ने 31 दिसंबर 2025 को मनी लॉन्ड्रिंग की जांच के तहत अहम कार्रवाई करते हुए आरोपी अर्पित राठौर के ठिकानों पर सर्च ऑपरेशन चलाया। यह कार्रवाई डिजिटल अरेस्ट मामले में श्री एस. पी. ओसवाल से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग प्रकरण की जांच के सिलसिले में की गई, जो कि धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के तहत दर्ज है। ईडी को इस मामले में लंबे समय से आरोपी की भूमिका संदिग्ध लग रही थी, जिसके बाद अदालत से अनुमति लेकर छापेमारी की गई।
सर्च ऑपरेशन के दौरान ईडी अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण आपत्तिजनक दस्तावेज मिले, जिनमें लेन-देन से जुड़े रिकॉर्ड शामिल बताए जा रहे हैं। इसके अलावा कई डिजिटल डिवाइस भी बरामद की गईं, जिनकी फोरेंसिक जांच की जा रही है। ईडी ने मौके से 14 लाख रुपए की नकदी भी बरामद की, जिसे बेहिसाब बताते हुए जब्त कर लिया गया। जांच एजेंसी के अनुसार, बरामद नकदी और दस्तावेज मनी लॉन्ड्रिंग नेटवर्क से जुड़े अहम सबूत हो सकते हैं।