Health Tips: अक्सर ऐसा माना जाता है कि अगर नींद पूरी हो जाए तो शरीर और दिमाग दोनों फ्रेश महसूस करेंगे। लेकिन कई लोगों के साथ ऐसा होता है कि 7–8 घंटे सोने के बाद भी सुबह सिर भारी, मन सुस्त और शरीर थका-थका सा लगता है। इस वजह से सुबह काम करने का मन नहीं करता, चिड़चिड़ापन रहता है और ध्यान लगाने में परेशानी होती है।
अधिकतर लोग इसे मामूली थकान समझकर नजरअंदाज कर देते हैं, जबकि यह शरीर में चल रही किसी गड़बड़ी का संकेत भी हो सकता है। अगर यह परेशानी रोज होने लगे, तो दिनभर की एनर्जी और काम करने की क्षमता पर असर पड़ सकता है।
नींद पूरी होने के बाद भी सिर भारी रहने के मुख्य कारण
- नींद की क्वालिटी अच्छी न होना
डॉक्टरों के मुताबिक, कई बार नींद की अवधि तो पूरी होती है, लेकिन नींद गहरी नहीं होती। देर रात तक मोबाइल, टीवी या लैपटॉप देखने से दिमाग पूरी तरह आराम नहीं कर पाता।
तनाव, चिंता और ज्यादा सोचने की आदत भी दिमाग को एक्टिव बनाए रखती है, जिससे सुबह उठने पर थकान महसूस होती है।
- शरीर में पानी की कमी (डिहाइड्रेशन)
रात में कई घंटों तक पानी नहीं पीया जाता, ऐसे में अगर दिनभर पर्याप्त पानी न पिया जाए तो शरीर में पानी की कमी हो जाती है।
डिहाइड्रेशन की वजह से सुबह सिर भारी, मुंह सूखा और कमजोरी महसूस हो सकती है।
- गलत तकिया या सोने की गलत पोजीशन
अगर तकिया बहुत ऊंचा या बहुत सख्त है, या फिर सोने की पोजीशन सही नहीं है, तो गर्दन और सिर की मांसपेशियों पर दबाव पड़ता है।
इससे सुबह उठते ही गर्दन में जकड़न और सिर भारी लग सकता है।
- नाक बंद होना या साइनस की समस्या
नाक बंद रहने, साइनस या सांस लेने में दिक्कत होने पर नींद के दौरान शरीर को पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं मिल पाती।
इस वजह से सुबह सिर भारी, आंखों में दबाव और थकान महसूस होती है।
- हार्मोनल बदलाव और खराब दिनचर्या
कुछ मामलों में हार्मोनल असंतुलन, देर से सोना, अनियमित खानपान और शारीरिक गतिविधि की कमी भी इस समस्या की वजह बन सकती है।
सिर भारी होने के साथ और कौन-सी समस्याएं हो सकती हैं?
सिर भारी रहने के साथ-साथ कई और लक्षण भी दिखाई दे सकते हैं, जैसे—
- सुस्ती और नींद-नींद सा महसूस होना
- चक्कर आना
- आंखों में जलन या भारीपन
- ध्यान लगाने में परेशानी
- काम करने की क्षमता में कमी
कुछ लोगों को सुबह उठते ही चिड़चिड़ापन, बेचैनी या घबराहट भी महसूस होती है।
अगर यह समस्या लंबे समय तक बनी रहे, तो सिरदर्द, गर्दन दर्द और लगातार थकावट हो सकती है, जो दिनभर की एक्टिविटी को प्रभावित करती है।
सिर भारी रहने की समस्या से कैसे बचें?
इस परेशानी से बचने के लिए रोजमर्रा की आदतों में थोड़ा बदलाव जरूरी है—
-समय पर सोने और उठने की आदत डालें
रोज एक ही समय पर सोना और उठना शरीर की घड़ी को सही रखता है।
-सोने से पहले स्क्रीन से दूरी बनाएं
सोने से कम से कम 1 घंटा पहले मोबाइल, टीवी और लैपटॉप का इस्तेमाल बंद करें।
-पर्याप्त पानी पिएं
दिनभर पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं ताकि शरीर में पानी की कमी न हो।
-हल्का और संतुलित भोजन करें
रात में भारी और तला-भुना खाना खाने से बचें। हल्का भोजन बेहतर नींद में मदद करता है।
-सही तकिया और पोजीशन अपनाएं
ऐसा तकिया चुनें जो गर्दन को सही सपोर्ट दे और सोने की पोजीशन आरामदायक हो।
-तनाव कम करें
योग, ध्यान और गहरी सांस लेने की एक्सरसाइज तनाव कम करने में मदद करती हैं।