HEALTH TIPS News : आजकल ज्यादातर लोग लंबे समय तक एक ही जगह पर बैठने या भारी सामान उठाने की वजह से कमर दर्द (Back Pain) की समस्या से जूझ रहे हैं। चाहे पुरुष हों या महिलाएं, यह परेशानी हर किसी में आम होती जा रही है। शुरुआत में लोग इसे हल्के में लेते हैं, लेकिन अगर ध्यान न दिया जाए तो यह दर्द क्रोनिक (लंबे समय तक रहने वाला) बन सकता है।
अक्सर लोग पेन किलर दवाइयों या पेन रिलीफ स्प्रे का सहारा लेते हैं, जिससे कुछ समय के लिए आराम तो मिल जाता है, लेकिन ये स्थायी समाधान नहीं है। अगर आप प्राकृतिक (Natural) और लंबे समय तक असर देने वाला उपाय चाहते हैं, तो योग (Yoga) एक बेहतरीन विकल्प हो सकता है।
योग गुरु बाबा रामदेव के अनुसार, योग से शरीर की कई बीमारियों का इलाज संभव है। उन्होंने अपनी किताब “Yog: Its Philosophy & Practice” में भी बताया है कि योग शरीर और मन दोनों के लिए बेहद फायदेमंद है। आइए जानते हैं ऐसे योगासन जो कमर दर्द में राहत दे सकते हैं।
उष्ट्रासन (ऊंट मुद्रा)
कमर दर्द के लिए सबसे असरदार आसनों में से एक
कैसे करें:
• सबसे पहले ज़मीन पर घुटनों के बल बैठ जाएं।
• अब धीरे-धीरे अपने शरीर को पीछे की ओर झुकाएं।
• दोनों हाथों से एड़ियों को पकड़ें और सिर को भी पीछे की ओर ले जाएं।
• इस स्थिति में कुछ सेकंड रुकें और फिर धीरे-धीरे वापस आएं।
फायदे:
• कमर और रीढ़ की हड्डी को मजबूती मिलती है।
• शरीर की लचीलापन (Flexibility) बढ़ती है।
• थकान और तनाव कम होता है।
ध्यान दें:
अगर आपके घुटनों में दर्द रहता है, तो नीचे मोटा गद्दा या योगा मैट जरूर बिछाएं।
2. भुजंगासन (कोबरा मुद्रा)
रीढ़ की हड्डी को मजबूत बनाता है
कैसे करें:
• पेट के बल ज़मीन पर लेट जाएं।
• हथेलियों को कंधों के पास रखें।
• अब धीरे-धीरे सिर और छाती को ऊपर उठाएं, जैसे कोई नाग फन फैलाता है।
• कुछ सेकंड रुकें और फिर वापस सामान्य स्थिति में आ जाएं।
फायदे:
• कमर के दर्द में राहत मिलती है।
• रीढ़ की हड्डी लचीली बनती है।
• पेट की चर्बी कम करने में भी मदद करता है।
3. शलभासन (टिड्डी मुद्रा)
कमर और पेट दोनों के लिए फायदेमंद
कैसे करें:
• पेट के बल लेट जाएं और दोनों हाथों को जांघों के नीचे रखें।
• अब एक पैर को पीछे से ऊपर उठाएं और कुछ सेकंड रुकें।
• फिर नीचे लाकर दूसरे पैर से भी यही प्रक्रिया दोहराएं।
• धीरे-धीरे दोनों पैरों को साथ में भी उठा सकते हैं।
फायदे:
• कमर की मांसपेशियां मजबूत होती हैं।
• पेट की चर्बी घटाने में मदद मिलती है।
• पाचन तंत्र बेहतर होता है।
4. धनुरासन (धनुष मुद्रा)
लचीलापन और पाचन दोनों के लिए उपयोगी आसन
कैसे करें:
• पेट के बल लेट जाएं।
• दोनों घुटनों को मोड़कर टखनों को पकड़ें।
• अब सांस लेते हुए दोनों पैरों और छाती को ऊपर उठाएं।
• शरीर का आकार धनुष जैसा दिखाई देगा।
• कुछ सेकंड रुकें और फिर धीरे-धीरे वापस आएं।
फायदे:
• कमर दर्द से राहत मिलती है।
• शरीर लचीला बनता है।
• पाचन क्रिया मजबूत होती है।
टिप:
शुरुआत में इसे कुछ सेकंड ही करें, फिर धीरे-धीरे समय बढ़ाएं।
5. मर्कटासन (बंदर मुद्रा)
रीढ़ की हड्डी को आराम देने वाला आसन
कैसे करें:
• पीठ के बल लेट जाएं और घुटनों को मोड़ लें।
• दोनों हाथों को कंधों की सीध में फैलाएं।
• अब घुटनों को दाईं ओर झुकाएं और गर्दन को बाईं ओर घुमाएं।
• कुछ सेकंड बाद दूसरी दिशा में भी यही करें।
