अमृतसरः सिख धर्म के पवित्र स्थान श्री दरबार साहिब में लगे सोने की चमक बनाए रखने के लिए हर साल की तरह इस बार भी अरदास के बाद सोने की धुलाई और सफाई की सेवा शुरू कर दी गई है। यह सेवा शिरोमणि कमेटी ने गुरु नानक निष्काम सेवा जत्था बर्मिंघम के हेड भाई महिंदर सिंह को सौंपी है। इस सेवा के लिए UK से 50 से ज्यादा सेवादारों का ग्रुप खास तौर पर अमृतसर पहुंचा है।
इस दौरान SGPC प्रेसिडेंट हरजिंदर सिंह धामी, श्री हरमंदिर साहिब के हेड ग्रंथी ज्ञानी अमरजीत सिंह और दूसरे अधिकारी मौजूद थे। सेवादार पूरी श्रद्धा से श्री दरबार साहिब के गुंबदों और अन्य हिस्सों की सफाई करेंगे। इस सेवा की खास बात यह है कि सोने को साफ करने के लिए किसी केमिकल या रिएजेंट का इस्तेमाल नहीं किया जाता है। सोने को रीठा और नींबू के नेचुरल मिक्सचर से धोया जाता है, जिससे सोने की चमक बनी रहती है और उसे कोई नुकसान नहीं होता है। यह सेवा करीब 10 से 12 दिनों तक चलेगी। इस दौरान अकाल तख्त, दर्शनी देवरी घंटा घर और गुरुद्वारा बाबा अटल राय समेत कई हिस्सों की सफाई की जाएगी।
दरबार साहिब के मैनेजर भगवंत सिंह धनरेगा ने बताया कि बढ़ते हवा और पानी के प्रदूषण की वजह से सोने की परत काली पड़ जाती है, जिसकी वजह से हर साल यह सेवा की जाती है। इस मौके पर संगत से हवा और पानी को प्रदूषण से बचाने की भी अपील की गई ताकि पवित्र जगहों की खूबसूरती और पवित्रता बनी रहे।