जयपुर : राजस्थान के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल सवाई मानसिंह हॉस्पीटल जयपुर में नर्सिंग स्टाफ की लापरवाही से एक युवक को गलत ग्रुप का ब्लड ग्रुप चढ़ा दिया गया। इसके बाद युवक की तबीयत खराब हो गई। उसे आईसीयू में भर्ती करना पड़ा। उसकी दोनों किडनी गलत ब्लड चढ़ाने के कारण काम करना बंद कर चुकी है। उसकी हालत काफी नाजुक बताई जा रही है। यह मामला सामने आने के बाद जांच के लिए मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल ने बोर्ड का गठन किया है। वहीं चिकित्सकों की एक टीम युवक के इलाज में जुटी हुई है।
बांदीकुई के रायपुर गांव निवासी सचिन शर्मा (25).पुत्र महेश चंद्र शर्मा 11 फरवरी को सड़क दुर्घटना में बुरी तरह घायल हो गया था। इसके चलते उसे जयपुर एसएमएस अस्पताल में भर्ती कराया गया। पीड़ित सचिन के ताऊ महादेव और भाई लवकुश ने बताया कि इमरजेंसी केस को देखते हुए उसका ब्लड सैंपल लिया गया। यह ब्लड सैंपल नर्सिंग स्टाफ की जगह एक वार्ड बॉय ने लिया। जिसके कारण बड़ी गलती हुई। इसके बाद गलत ब्लड ग्रुप की पर्ची पर उसे ब्लड और प्लाज्मा चढ़ा दिया गया। ब्लड चढ़ने के बाद पीड़ित सचिन की तबीयत खराब हो गई।
पीड़ित सचिन को 11 फरवरी को गंभीर अवस्था में एक्सीडेंट होने पर जयपुर एसएमएस अस्पताल में भर्ती कराया। जहां उसे 12 फरवरी को AB + ब्लड चढ़ा दिया गया। सचिन को अस्पताल के ऑर्थो वार्ड में भर्ती कराया गया। जहां बाद मे 13 फरवरी को सचिन के पेट और कमर में दर्द शुरू हुआ। जिसको लेकर जांच कराई गई। जांच के बाद उसे आईसीयू में भर्ती कर दिया। बाद में 14 फरवरी को फिर से सचिन की जांच कराई तो, परिजनों को उसके O± ब्लड ग्रुप होने का पता लगा।
जबकि उसके गलत ब्लड ग्रुप AB + चढ़ा दिया गया। इसके कारण उसकी तबीयत खराब हो गई। फिलहाल सचिन की हालत नाजुक है। वह अब तक तीन बार डायलिसिस पर जा चुका है। सचिन की गलत ब्लड ग्रुप चढ़ाए जाने से हालत काफी नाजुक है। उसकी दोनों किडनियों ने काम करना बंद कर दिया है। इधर इसको लेकर पीड़ित सचिन के पिता ने गुरुवार को भाजपा जिला महामंत्री भवानी शंकर भारद्वाज के नेतृत्व में एसडीएम के नाम तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा। इसमें दो दोषी डॉक्टर और अन्य स्टाफ के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की।
