हरिद्वार: जगजीतपुर में आबादी क्षेत्र में घुसे एक जंगली हाथी ने खूब उत्पात मचाया। मिली जानकारी के अनुसार लोगों को फुटबॉल ग्राउंड के आसपास के रिहायशी क्षेत्र में जंगली हाथी घूमता हुआ दिखाई दिया। जिसके बाद लोगों ने वन विभाग को सूचना दी।मौके पर पहुंची वन विभाग की क्यूआरटी टीम ने जंगली हाथी को खदेड़ना शुरू किया। वन कर्मियों की टीम को देखकर हाथी खेतों की ओर दौड़ा और एक खेत में लगी तारबाड़ को तोड़कर ही अंदर घुस गया। इस इलाके में आए दिन जंगली हाथियों की आवाजाही बनी हुई है। यहां हाथी कभी लोगों के वाहन तोड़ता तो कभी तारबाड़ तोड़ते हुए नजर आते हैं।
बताया जा रहा है कि हाथी खेत के किनारे लगे करंट के तारों को तोड़ते हुए अंदर घुसा। इसके बाद उसने गेहूं की खड़ी फसल को रौंद दिया, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान झेलना पड़ा। सुबह जब ग्रामीण खेतों में पहुंचे तो नुकसान का अंदाजा लगा। घटना को लेकर सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। बताया जा रहा है कि पिछले कई दिनों से यहां एक दांत वाले हाथी की दहशत बनी हुई है। राज विहार फेज निकट फुटबॉल ग्राउंड में हाथी रोज आ रहा है। राज विहार फेज 2 में एक नई कॉलोनी काटी गई है, वहां कॉलोनी डेवलपर्स ने दो गलियों की दीवार तोड़ कर रास्ता बना दिया।
जिसके बाद से हाथी फिर अपने पुराने रास्ते से आने लगे हैं। हाथी 3 से 4 दिन में आता रहता है। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि कनखल और आसपास के क्षेत्रों में जंगली हाथियों की आवाजाही अब आम हो गई है। आए दिन हाथियों के झुंड रिहायशी इलाकों के करीब पहुंच रहे हैं, जिससे जान-माल का खतरा बना रहता है। ग्रामीणों ने प्रशासन और वन विभाग के खिलाफ नाराजगी जताई है।
उनका कहना है कि बार-बार शिकायत करने के बावजूद कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा। अस्थायी उपायों से समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है। दूसरी ओर, रेंज अधिकारी शीशपाल सिंह ने बताया कि बीती रात हाथी आने की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची थी और हाथी को जंगल में खदेड़ दिया गया था। आबादी में हाथियों की मूवमेंट को रोकने के लिए एलिफेंट प्रूफ ट्रेंच बनाने का प्रस्ताव भेजा गया है। अनुमति मिलते है करीब 8 किलोमीटर लंबी एलिफेंट प्रूफ ट्रेंच बनाई जाएगी। इसके बनने के बाद हाथी, आबादी में नहीं घुस सकेंगे। उन्होंने बताया कि हाथियों पर नजर रखने के लिए प्रभावित इलाकों में गश्त बढ़ा दी गई है।
