Punjab Govt AD
HomeBreaking NewsPunjab भर में हर हर महादेव की गूंज, मंदिरों में लगी श्रद्धालु...

Punjab भर में हर हर महादेव की गूंज, मंदिरों में लगी श्रद्धालु की भारी भीड़, देखें वीडियो

WhatsApp Group Join Now
WhatsApp Channel Join Now

इस पवित्र मंदिर से हुई थी भगवान शिव की बारात रवाना

अमृतसर/मोगा/गुरदासपुर/पठानकोटः देश भर में महाशिवरात्रि का त्यौहार धूमधाम से मनाया जा रहा है। यह भारत में ही नहीं बल्कि विदेशों में भी मनाया जाता है। मंदिरों में भक्तों की रौनक देखने को मिली। भक्त भोले बाबा के दर्शन करने के लिए मंदिरों में पहुंचे और उन्होंने शिव भोले नाथ की पूजा भी की। इसी के साथ अमृतसर में भी श्रद्धालुओं में महाशिवरात्रि का खासा उत्साह देखने को मिला।

अमृतसर के शिवाला बाग भैया मंदिर के पुजारी ने बताया कि शिवरात्रि के दिन ही भोले बाबा का विवाह माता पार्वती के साथ हुआ था। कहा जाता है कि भोले बाबा को प्रसन्न करने और उनकी पूजा करने के लिए शिव भोले बाबा को धतूरा भांग बेल पत्र चढ़ाया जाता है। उन्होंने कहा कि देश-विदेश से भक्त यहां माथा टेकने आते हैं। कल से ही एक जत्था भोले भाले के दर्शन के लिए पाकिस्तान के लिए रवाना हुआ था। वे कटासराज यात्रा मनाने गए हैं और यहां शिवरात्रि का त्योहार मनाने के बाद वापस लौटेंगे।

कहा जाता है कि भोले बाबा बहुत भोले थे। अगर कोई व्यक्ति उनसे कोई वरदान भी मांगता है तो भोले बाबा उसकी इच्छा पूरी करते हैं। अगर भोले बाबा की पूजा करनी है तो उनके सिर पर बिल पत्र और अक धतूरा चढ़ाएं। इससे भोले बाबा प्रसन्न होते हैं।

वहीं मोगा में भी महाशिवरात्रि धूमधाम से मनाई जा रही है। शहर में सुबह से ही मंदिरों में श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा और श्रद्धालु मंदिरों में शिव की आराधना कर रहे हैं। वही भगवान शिव भोलेनाथ इतने भोले है कि वह सबकी मनोकामना पूरी करते है।

आपकों बता दें कि भगवान शिव की बारात पंजाब के गुरदासपुर जिले से रवाना हुई थी। महाशिवरात्रि के अवसर पर इस ऐतिहासिक स्थान पर दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं का तांता लगता है। कहा जाता है कि जहां 33 कोटि देवी-देवता पहुंचे थे। वहीं श्री गुरु नानक देव जी यहां से गुजर चुके हैं। मंदिर के पुजारी ने बताया कि रात से ही माथा टेकने के लिए श्रद्धालुओं की लंबी लाइनें लग जाती हैं। श्रद्धालु भगवान शिव की आरती कर उनके प्रति अपनी श्रद्धा का प्रकटावा करते हैं।

पठानकोट जिले के अलग-अलग इलाकों में भी महाशिवरात्रि का पर्व बड़ी धूमधाम से मनाया गया जिसके चलते कई जगहों पर झांकियां भी लगाई गई। पठानकोट में 5500 साल पुराना शिव मंदिर, जिसे मुक्तेश्वर धाम के नाम से जाना जाता है, में श्रद्धालुओं ने माथा टेककर भगवान शिव का आशीर्वाद लिया। कहा जाता है कि, इस मंदिर का निर्माण पांडवों ने अपने अज्ञातवास के दौरान किया था। मंदिर में माथा टेकने आए लोगों ने बताया कि इस मंदिर में सदियों पुराना इतिहास छिपा हुआ है, यही वजह है कि यह लोगों के लिए आस्था का केंद्र है।

Disclaimer

All news on Encounter India are computer generated and provided by third party sources, so read and verify carefully. Encounter India will not be responsible for any issues.

- Advertisement -

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -
Punjab Govt AD

Latest News

- Advertisement -
- Advertisement -