नई दिल्ली: राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बड़ा ऐलान कर दिया है। उन्होंने कहा कि इस साल दक्षिण अफ्रीका में होने वाली जी-20 शिखर सम्मेलन में कोई भी अमेरिकी सरकार का अधिकारी भाग नहीं लेगा। उन्होंने काहा कि दक्षिण अफ्रीका में श्वेत किसानों के साथ बुरा व्यवहार किया जाता है। उनके साथ भेदभाव किया जाता है। ट्रंप ने यह पहले ही बोल दिया था कि वह जी-20 सम्मेलन में हिस्सा लेने नहीं जाएंगे। पहले यह बताया जा रहा था कि उपराष्ट्रपति जेडी वेंस दक्षिण अफ्रीका में जा सकते हैं।
ट्रंप ने खुद दी जानकारी
ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया ट्रूथ पर एक पोस्ट शेयर की है। इस पोस्ट में उन्होंने कहा कि – यह बड़ा ही अपमानजनक है कि जी-20 सम्मेलन दक्षिण अफ्रीका में हो रहा है। ट्रंप ने बुधवार को मियामी में अमेरिका बिजनेस फोरम में कहा कि – मैं नहीं जा रहा हूं दक्षिण अफ्रीका में जी-20 की बैठक है। दक्षिण अफ्रीका को जी-20 में नहीं होना चाहिए क्योंकि वहां जो हुआ है वो बहुत बुरा है। मैंने उन्हें बता दिया है कि मैं नहीं आ रहा हूं मैं वहां जाकर अपने देश का प्रतिनिधित्व नहीं करने वाला।
भारत ने 2023 में की थी शिखर सम्मेलन की मेजबानी
दक्षिण अफ्रीका ने इससे पहले एक दिसबंर 2024 को एक साल के लिए जी-20 की अध्यक्षता ग्रहण की थी। इसके बाद अब 22 और 23 नवंबर को जोहनिसबर्ग में समूह के नेताओं की शिखर बैठक की मेजबानी करेगा। यह पहली बार है जब जी-20 शिखर सम्मेलन अफ्रीकी धरती पर आयोजित हो रहा है। भारत दिसबंर 2022 से लेकर नवंबर 2023 तक जी-20 का अध्यक्ष था। इस दौरान उसने सितंबर 2023 में नई दिल्ली में 18वें जी-20 शिखर सम्मेलन की मेजबानी की थी।
जी-20 में शामिल हैं ये देश
पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन भी जी-20 शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए भारत आए थे। जी-20 में अर्जेंटीना, ऑस्ट्रेलिया, ब्राजील, कनाडा, चीन, फ्रांस, जर्मनी, भारत, इंडोनेशिया, इटली, जापान, दक्षिण कोरिया, मेक्सिको, रुस, सऊदी अरब, दक्षिण अफ्रीका, तुर्किए, ब्रिटेन और अमेरिका के साथ-साथ यूरोपीय संघ और अफ्रीकी संघ भी शामिल हैं।
