अंबालाः निकाय चुनाव के बीच कांग्रेस एक्शन मोड पर आ गई है। जिसके चलते कांग्रेस ने बागी नेताओं पर कार्रवाई करते हुए उन्हें बाहर का रास्ता दिखा दिया है। जारी पत्र के अनुसार कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष उदयभान ने 7 नेताओं को पार्टी से बाहर किया है। इसमें गुरुग्राम, करनाल, यमुनानगर के 2-2 और हिसार से एक नेता शामिल हैं। इनमें करनाल से सीएम नायब सैनी के खिलाफ चुनाव लड़ चुके त्रिलोचन सिंह और अशोक खुराना शामिल हैं।

वहीं यमुनानगर से कांग्रेस कमेटी के नॉर्थ जोन के प्रभारी प्रदीप चौधरी व मधु चौधरी, हिसार से विधानसभा चुनाव में कैंडिडेट रहे रामनिवास राड़ा और गुरुग्राम से हरविंद्र लवली और रामकिशन सैन पर कार्रवाई की गई है। इन नेताओं को पार्टी से 6 साल के लिए निष्कासित किया गया है। करनाल और हिसार में नेता टिकट न मिलने पर बागी हो गए थे। वहीं गुरुग्राम में नेता ने नामांकन ही वापस ले लिया था।
बता दें कि हिसार से रामनिवास राड़ा 24 घंटे पहले बुधवार को कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हुए थे। राड़ा ने हिसार से 2 बार कांग्रेस की टिकट पर चुनाव लड़ा था और वह कुमारी सैलजा के करीबी माने जाते थे। राड़ा ने कांग्रेस से बागी होकर निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर अपना नामांकन दाखिल किया था। बाद में भाजपा में शामिल होकर नामांकन वापस ले लिया था।
करनाल के कांग्रेस के सीनियर नेता रहे त्रिलोचन सिंह मेयर पद की टिकट के प्रबल दावेदार थे। मगर टिकट कटने से नाराज होकर उन्होंने पार्टी छोड़ने का फैसला कर लिया था। कांग्रेस ने उनकी जगह मनोज वधवा को उम्मीदवार बनाया था। सरदार त्रिलोचन सिंह कांग्रेस के जिला संयोजक भी रहे हैं। इसके अलावा करनाल से केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर और सीएम नायब सैनी के खिलाफ चुनाव लड़ चुके हैं।
यमुनानगर के प्रदीप चौधरी को कांग्रेस ने नॉर्थ जोन का प्रभारी लगाया था। प्रदीप ने कांग्रेस के सीनियर नेताओं पर टिकट बंटवारे में धांधली के आरोप लगाए थे। उन्होंने कहा था उनको मेयर टिकट का आश्वासन दिया गया था। मगर उनका टिकट काट कर किसी और को दे दिया गया।