Punjab Govt
HomeHimachalबीर सुपूतों ने शहीदी देकर कारगिल युद्ध जीता, उन्हें कोटि कोटि नमन

बीर सुपूतों ने शहीदी देकर कारगिल युद्ध जीता, उन्हें कोटि कोटि नमन

WhatsApp Group Join Now
WhatsApp Channel Join Now
ऊना/सुशील पंडित: राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला लठियाणी में कारगिल विजय दिवस मनाया गया जिसमें स्कूल द्वारा भूतपूर्व सैनिक/ अध्यापकों को सम्मानित किया गया इसमें प्रधानाचार्य महोदय तथा भूतपूर्व सैनिक अध्यापकों ने कारगिल लड़ाई के दौरान अपनी सेवाओं के अनुभवों को भी एनएसएस ब्लंटियर्स के साथ सांझा किया उन्होंने बताया की भारतीय सैनिक सीमा पर अपने कर्तव्य निष्ठा से सेवाएं दे रहे हैं  उनके त्याग और बलिदान को हमें कभी नहीं भूलना चाहिए । जिस पर हमें गर्व है। 
 देश की आन ब भारत माता और तिरंगे की रक्षा की बात आती है। तो देश के 140 करोड़ नागरिक भारत माता की रक्षा के लिए भारतीय सेना के साथ खड़े है। उन्होंने कहा कि 26 जुलाई का दिन देश में कारगिल विजय दिवस के रुप में मनाया जाता है। जो कि हमारे सैनिकों द्वारा उनकी बहादुरी, शौर्य व अदम्य साहस की याद दिलाता है। यह युद्ध भारत और पाकिस्तान के बीच महत्वपूर्ण युद्धों में से एक था, यह युद्ध 3 मई, 1999 को शुरू हुआ था और 26 जुलाई, 1999 को युद्ध के खत्म होने की घोषणा हो गई थी। ऐसे में हम 26 जुलाई 2023 को भारत देश में 24वां कारगिल विजय दिवस के रुप में मनाने जा रहे है।
कारगिल युद्ध भारत और पाकिस्तान के बीच दो महीने तक चलने वाला एक प्रमुख सैन्य संघर्ष था। ये युद्ध 3 मई को भारत के जम्मू और कश्मीर के कारगिल जिले में शुरू हुआ और 26 जुलाई 1999 को समाप्त हुआ। संघर्ष तब शुरू हुआ जब पाकिस्तानी सैनिकों और आतंक वादियों ने भारतीय प्रशासित क्षेत्र में घुसपैठ की और नियंत्रण रेखा (LOC) के साथ कई रणनीतिक पहाड़ी ऊंचाइयों पर कब्जा कर लिया था। कारगिल में स्थानीय चरवाहे भारतीय सेना को क्षेत्र में पाकिस्तानी सैनिकों और आतंकवादियों के बारे में सचेत करते हैं। भारतीय सेना के जवानों को इलाके में गश्त के लिए भेजा इस दौरान पांच अधिकारियों को पाकिस्तानी सेना ने पकड़ लिया था, भारतीय सेना ने क्षेत्र को मजबूत करने के लिए कश्मीर से अपने सैनिकों को  कारगिल  में पाकिस्तानी सैनिकों द्वारा कब्जा किए गए इलाके के लिए’ऑपरेशन विजय’ शुरू किया।
भारतीय वायु सेना (IAF) ने ‘ऑपरेशन सफेद सागर’ शुरू किया और पाकिस्तानी ठिकानों पर हवाई हमले शुरू किए।भारतीय वायुसेना के तीन विमान मिग-21, मिग-27 और एमआई-17 को पाकिस्तानी सेना ने मार गिराया। उस समय भारत के तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने पाकिस्तान के साथ “युद्ध जैसी स्थिति” की घोषणा की। पाकिस्तान ने कश्मीर और लद्दाख में नेशनल हाईवे-1 पर गोलाबारी शुरू कर दी थी। भारत ने तीन पाकिस्तानी सैनिकों से बरामद दस्तावेज जारी किए, जो आधिकारिक तौर पर युद्ध में पाकिस्तान की सीधे तौर पर भागीदारी की पुष्टि करते थे।भारतीय सेना ने बटालिक सेक्टर में दो महत्वपूर्ण ठिकानों पर कब्जा कर लिया था।पाकिस्तान ने जाट रेजिमेंट से भारतीय सैनिकों के 6 क्षत-विक्षत शव लौटाए।भारत ने घुसपैठ में पाकिस्तानी सेना के शामिल होने का एक और सुबूत जारी किया, जो पाकिस्तानी जनरल परवेज मुशर्रफ और सीजीएस लेफ्टिनेंट जनरल अजीज खान के बीच इंटरसेप्ट की गई बातचीत थी। उन्होंने कहा कि  भारतीय प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने कारगिल का दौरा किया और सैनिकों को संबोधित किया।भारतीय सेना ने टोलोलिंग हाइट्स पर दोबारा कब्जा कर लिया था।
पाकिस्तानी सैनिकों ने जवाबी कार्रवाई शुरू की, लेकिन भारतीय सेना ने उन्हें खदेड़ दिया।तत्कालीन अमेरिकी राष्ट्रपति बिल क्लिंटन ने पाकिस्तान के तत्कालीन प्रधानमंत्री नवाज शरीफ को कारगिल से सभी पाकिस्तानी सैनिकों और अनियमित बलों को तत्काल वापस बुलाने के लिए मजबूर किया। पाकिस्तान की संघीय सरकार के दबाव में पाकिस्तान की सेनाएं भारत प्रशासित कश्मीर से पीछे हट गईं। 14 जुलाई 1999 पीएम वाजपेयी ने ‘ऑपरेशन विजय’ को सफल घोषित किया और पाकिस्तान के साथ बातचीत की शर्तें तय की। 26 जुलाई 1999 कारगिल युद्ध आधिकारिक तौर पर समाप्त घोषित कर दिया गया ।भारतीय सेनाएं विजयी हुई थी।  कारगिल युद्ध मे शहीदी देने बाले कारगिल योद्धाओं को शत शत नमन करते है। इस मौके पर स्कूल प्रबंधक समिति के प्रधान लेखराज एवं अन्य सदस्य एनएसएस के छात्र बा छात्राएं एवं स्कूल स्टाफ विशेष रुप से उपस्थित रहा

Disclaimer

All news on Encounter India are computer generated and provided by third party sources, so read and verify carefully. Encounter India will not be responsible for any issues.

- Advertisement -

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -
Punjab Govt

Latest News

- Advertisement -
- Advertisement -