Punjab Govt
HomeChandigarhबड़ा झटकाः नई Excise policies के बढ़े Rate, महंगी हुई शराब

बड़ा झटकाः नई Excise policies के बढ़े Rate, महंगी हुई शराब

WhatsApp Group Join Now
WhatsApp Channel Join Now

चंडीगढ़ः शरीब पीने के शौकीनों को बड़ा झटका लगा है। दरअसल, चंडीगढ़ प्रशासन ने साल 2026-27 के लिए अपनी नई एक्साइज पॉलिसी का ऐलान कर दिया है। प्रशासन ने डिपार्टमेंटल स्टोर्स में शराब की बिक्री फिर से शुरू करने का बड़ा फैसला लिया है। नई पॉलिसी के बाद इंडियन मेड शराब और बीयर की कीमतों में करीब 2% तक बढ़ोतरी की गई है। यह नई नीति 1 अप्रैल 2026 से लागू होगी और 31 मार्च 2027 तक प्रभावी रहेगी। ऐसे में अब 500 रुपए की बोतल करीब 10 रुपए महंगी हो जाएगी, जबकि 2000 रुपए की बोतल अब करीब 40 रुपए बढ़कर 2040 रुपए में मिलेगी। वहीं अब डिपार्टमेंटल स्टोर में भी शराब की बिक्री होगी।

वहीं शराब ले जाने वाली गाड़ियों पर 24 घंटे नजर रखने के लिए जी.पी.एस. ट्रैकिंग जरूरी कर दी गई है। शहर में कुल 97 रिटेल शराब के ठेके होंगे, जिनके लिए लाइसेंसिंग यूनिट्स की कुल रिजर्व कीमत 454.35 करोड़ रुपये तय की गई है। खपतकारों और सरकारी रेवेन्यू को ध्यान में रखते हुए शराब के रिटेल कोटे देसी शराब, भारतीय विदेशी शराब (आई.एम.एफ.एल.) और आई.एफ.एल. में कोई बदलाव नहीं किया गया है ताकि पिछले साल 2025-26 के मुकाबले रेवेन्यू बैलेंस बना रहे। महंगाई और कच्चे माल की कीमतें बढ़ने के कारण देसी शराब, भारतीय विदेशी शराब, भारतीय बीयर और भारतीय वाइन की डिस्टिलरी कीमत (EDP) में 2% की बढ़ोतरी की गई है लेकिन विदेशी दमदार की वाइन, बीयर और शराब पर यह वृद्धि लागू नहीं होगी।

बीयर की कम से कम रिटेल कीमत ई.बी.पी. के आधार पर अलग-अलग कैटेगरी में संशोधन करके तय किया जाएगा। काऊ सेस पुरानी दरों पर ही जारी रहेगा। 750 ml देसी शराब और 650 ml बीयर की बोतलों पर 50 पैसे और 750/700 ml व्हिस्की पर 1 रुपये का सेस लगेगा। डिपार्टमेंटल स्टोर में एंट्री: L-10B लाइसेंस फिर से बहाल कर दिया गया है, जिससे अब बड़े स्टोरों डिपार्टमेंटल स्टोरों से भी शराब खरीदी जा सकेगी। इस कदम का मुख्य मकसद महिलाओं, बुजुर्गों और अन्य खपतकारों को शॉपिंग में ज्यादा सुविधा देना है।

गोदाम – बॉन्डेड वेयरहाउस: एल-1 एफ और एल-1 डी.एफ. लाइसेंस लेने के लिए अब सरकार-मंजूरशुदा बॉन्डेड गोदाम का चंडीगढ़ में होना जरूरी नहीं। यह भारत में कहीं भी हो सकता है। एक साल के अनुभव की शर्त भी खत्म कर दी गई है। बॉटलिंग प्लांटों के काम के दिन 5 से बढ़ाकर 6 (सोमवार से शनिवार) कर दिए गए हैं और सरकारी छुट्टियों वाले दिन ओवरटाइम की भी इजाजत दी गई है। बार मालिक अब अपने सबसे पास के दो रिटेल आउटलेट से शराब खरीद सकेंगे। अगर दोनों ठेके एक मालिक के हों तो तीसरे पास के ठेके से खरीद की जा सकती है। अगर कोई ठेका सरकारी या प्रशासनिक इमारत में खेला जाता है तो लाइसेंस होल्डर को किराया सीधे संबंधित विभागों को देना होगा।

कारोबारियों पर नकेल कसने के लिए प्रशासन ने लाइसेंस फीस और सिक्योरिटी रकम के नियम सख्त कर दिए हैं। अब रिटेल ठेकेदार को बोली की रकम का 17% सिक्योरिटी के तौर पर जमा करना होगा। पहले लाइसेंस फीस दो किश्तों में दी जाती थी, लेकिन अब इसे अगले महीने की 15 तारीख तक ब्याज के साथ एक बार में देना होगा। अगर कोई ठेकेदार यह रकम नहीं देता है, तो लाइसेंस कैंसिल कर दिया जाएगा और कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ठेकों के गोदानों में सीसीटीवी लगाने और विभाग को सीधी लाईव फीड देनी जरूरी होगी। शराब का विज्ञापन करने वालों पर भी शिकंजा कंसा गया है और नियम तोड़ने पर सीधा जुर्माना लगेगा। कानूनी विवादों से बचने के लिए नई पॉलिसी में “परिवार” की परिभाषा भी साफ की गई है।

Disclaimer

All news on Encounter India are computer generated and provided by third party sources, so read and verify carefully. Encounter India will not be responsible for any issues.

- Advertisement -

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -
Punjab Govt

Latest News

- Advertisement -
- Advertisement -