नई दिल्ली: राजधानी में वायु प्रदूषण खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। स्मॉग और धुंध की चादर में लिपटी दिल्ली में लोगों का सांस लेना मुश्किल हो चुका है। दिल्ली में सोमवार को सुबह एयर क्वालिटी इंडेक्स 498 तक पहुंच गया है। शाम तक भी 427 एक्यूआई रहने के कारण हवा की क्वालिटी खतरनाक रही। इसके कारण प्रदूषण गंभीर श्रेणी में रहा। जहरीली धुंध की मोटी परत के कारण दिल्ली के कई इलाकों में दृश्यता भी कम रही। कम विजिबिलिटी के कारण से इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर से 338 उड़ानें रद्द कर दी गई। वहीं 5 फ्लाइट्स को डायवर्ट भी करना पड़ा।
दिल्ली एयरपोर्ट पर मची अफरा-तफरी
दिल्ली एयरपोर्ट से रोज 13,00 उड़ानें संचालित होती हैं। इंडिगो ने भी कहा है कि सुबह कम विजिबिलिटी होने के कारण से एयर ट्रैफिक पर असर हुआ है। इसके कारण पूरा दिन सुरक्षित और नियमों के अनुसार, ऑपरेशन बनाए रखने के लिए कुछ फ्लाइट्स को कैंसिल भी करना पड़ा। दिल्ली एयरपोर्ट पर अफरा-तफरी का माहौल हो गया क्योंकि कई यात्री फंस गए थे। अपने सामान के लिए यात्रियों को घंटों तक इंतजार भी करना पड़ा।
Dense fog enveloping Delhi and parts of Northern India early this morning caused flight disruptions across airlines, leading to significant air traffic congestion at the Delhi Airport and parking bay constraints, among multiple other challenges. Regrettably,…
— Air India (@airindia) December 15, 2025
एयर इंडिया ने रद्द की फ्लाइट्स
वहीं आज सुबह घने कोहरे को देखते हुए एयर इंडिया ने अपनी कई फ्लाइट्स रद्द कर दी है। एयर इंडिया ने ट्वीट करते हुए कहा कि – ‘सुरक्षा कारणों से और यात्रियों को लंबे इंतजार के कारण होने वाली दिक्कतों से बचाने के लिए कुछ उड़ानें रद्द कर दी गई हैं। दिन के लिए 40 आगमन और प्रस्थान उड़ानों को भी लिस्ट में शामिल किया है। असुविधा को कम करने के लिए हमने अपना फॉग केयर प्रोग्राम एक्टिवेट कर दिया है। इसके अंतर्गत प्रभावित या अप्रभावित होने वाली फ्लाइट्स में बुक किए गए यात्रियों को पहले से ही सूचित किया जा रहा है और उन्हें बिना किसी पेनल्टी के मुफ्त रिशेड्यूलिंग या पूरा रिफंड दिया जा रहा है’।
ऑनलाइन हुई पढ़ाई
दिल्ली सरकार ने बढ़ते पॉल्यूशन को देखते हुए अब नर्सरी से क्लास 5 तक के बच्चों को सिर्फ ऑनलाइन मोड में क्लास अटैंड करने के आदेश दे दिए हैं। इससे पहले वाला ऑप्शन खत्म हो गया है। इसमें पेरेंट्स फिजिकल और वर्चुअल क्लास में से चुन सकते थे।