नई दिल्ली: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि फिलहाल ईरान के साथ युद्ध खत्म करने के लिए किसी समझौते पर बात नहीं बनी है। ट्रंप का कहना है कि ईरान समझौता करना चाहता है लेकिन उसकी शर्तें अभी अमेरिका के लिए स्वीकार करने लायक नहीं है। ईरान की ओर से उनके इस ताजा बयान पर फिलहाल कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।
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ईरान करना चाहता है समझौता
एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा था कि ईरान समझौता करना चाहता है लेकिन मैं अभी इसके लिए तैयार नहीं हूं क्योंकि उसकी शर्तें अभी अच्छी नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि भविष्य में कोई समझौता नहीं होता तो उसकी शर्तें बहुत मजबूत होनी चाहिए हालांकि उन्होंने यह नहीं बताया कि हाल फिलहाल ईरान की ओर से क्या शर्तें रखी गई हैं और समझौते कि एक बड़ी शर्त यह होगी कि ईरान अपने परमाणु कार्यक्रम को पूरी तरह छोड़ दें। अमेरिका लंबे समय से ईरान के परमाणु कार्यक्रम का विरोध करता रहा है। यह बयान ऐसे समय में आया है जब अमेरिका और इजरायल की जंग तीसरे हफ्ते में प्रवेश कर गई है। इन हमलों की वजह से मध्य पूर्व में तनाव लगातार बढ़ रहा है। इसका असर वैश्विक व्यापार और ऊर्जा बाजार पर भी पड़ रहा है।
जंग के कारण तेल की कीमतें हुई तेज
लगातार हमलों के कारण अंतरराष्ट्रीय शिपिंग पर असर पड़ रहा है। तेल की कीमतों में तेज उछाल देखने को मिला है। कई एक्सपर्ट्स का मानना है कि यह स्थिति वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए भी चिंता कारण बनती जा रही है। ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिका उन देशों से मदद मांग रहा है जिनका तेल व्यापार होर्मुज स्ट्रेट से होकर गुजरता है। उनका कहना है कि इन देशों को इस अहम समुद्री रास्ते को सुरक्षित रखने में योगदान देना चाहिए।
होर्मुज स्ट्रेट दुनिया के सबसे जरुरी समुद्री मार्गों में से एक है जहां से बड़ी संख्या में तेल के टैंकर गुजरते हैं। ट्रंप ने दावा किया है कि कई देशों ने इस रास्ते की सुरक्षा में मदद करने का भरोसा दिया है हालांकि उन्होंने इन देशों के नाम नहीं बताए।
बाकी देशों से की ट्रंप ने अपील
ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रूथ पर भी लिखा है कि जो देश इस रास्ते से तेल हासिल करते हैं। उन्हें इसकी सुरक्षा की जिम्मेदारी भी उठानी चाहिए। ट्रंप ने यह भी संकेत दिया है कि कई देश अपने युद्धपोत भेज सकते हैं ताकि इस मार्ग को खुला और सुरक्षित रखा जा सके। जब उनसे पूछा गया कि क्या अमेरिकी नौसेना जहाजों को होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाजों को सुरक्षा देगी तो ट्रंप ने सीधे जवाब नहीं दिया। उन्होंने कहा कि इस बारे में अभी कुछ कहना उचित नहीं होगा लेकिन ऐसा होना संभव है।