चंडीगढ़ः अमेरिका-इजरायल और ईरान युद्ध के कारण राजधानी दिल्ली, चंडीगढ़, यूपी और हरियाणा, पंजाब सहित उत्तर भारत के कई राज्यों में एलपीजी की किल्लत होने लगी है। गैस सिलेंडर भरवाने को लेकर मारामारी शुरू हो गई है। वहीं चंडीगढ़, पंचकूला और मोहाली में गैस सिलेंडर की कमी की शिकायतें सामने आने लगी हैं। चंडीगढ़, मोहाली और पंचकूला में घरेलू और कॉमर्शियल एलपीजी सिलिंडरों की सप्लाई में आ रही दिक्कतों के कारण उपभोक्ताओं के साथ-साथ होटल, ढाबा और कैटरिंग कारोबारियों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कई उपभोक्ताओं का कहना है कि सिलेंडर की डिलीवरी में देरी हो रही है, जबकि कुछ लोग सीधे खाली सिलेंडर लेकर गैस एजेंसियों पर पहुंच रहे हैं। जिसके चलते एजेंसियों के सामन लोगों की लंबी-लंबी कतारें नज़र आ रही हैं।
चंडीगढ़ में कई गैस एजेंसियों ने कॉमर्शियल सिलिंडरों की सीमित उपलब्धता के चलते हाथ खड़े कर दिए हैं। एजेंसी संचालकों का कहना है कि कंपनियों से सिलिंडरों की नियमित सप्लाई नहीं मिल पा रही, जिसके कारण मांग के अनुसार वितरण करना मुश्किल हो रहा है। हालात यह हैं कि जिस होटल या रेस्टोरेंट को पांच सिलेंडरों की जरूरत है, उसे एक सिलेंडर से ही काम चलाना पड़ रहा है। सेक्टर-35, सेक्टर-7 और सेक्टर-26 के होटल और रेस्टोरेंट संचालकों के अनुसार गैस की कमी के कारण उन्हें अपने मेन्यू में बदलाव करना पड़ रहा है। कई जगहों पर उन व्यंजनों को अस्थायी रूप से हटा दिया गया है जिनमें गैस की खपत ज्यादा होती है।
कुछ प्रतिष्ठानों में पीएनजी गैस की सुविधा होने के कारण फिलहाल कामकाज जारी है लेकिन एलपीजी पर निर्भर होटल और ढाबे मुश्किल में हैं। सेक्टर-38 के में तीसरे दिन गैस की सप्लाई पहुंची है। जिसे एजेंसी के बाहर लोगों की भड़ जुट गई। अब एक सिलेंडर लेने के बाद दूसरे की बुकिंग भी 30 दिन के बाद हो रही है। साथ ही सभी घरों को सिलेंडर मिले, इसके लिए गैस एजेंसियों पर पुलिसकर्मी तैनात करने की तैयारी है। एलपीजी डीलर्स एसोसिएशन के प्रधान अरूण गुप्ता ने कहा कि डोमेस्टिक गैस सिलेंडरों की कमी नहीं है। हर एजेंसी में गैस सिलेंडर हैं।
पोर्टल में बुकिंग शो न होने के कारण सिलेंडरों की डिलीवरी में दिक्कत आई है। बिना बुकिंग वेरिफाई किए किसी भी कस्टमर को सिलेंडर नहीं भेज सकते। मोहाली की डिप्टी कमिश्नर कोमल मित्तल ने लोगों को कहा है वे एलपीजी या पेट्रोलियम उत्पादों की कमी को लेकर फैल रही किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें और ऐसी गलत जानकारी फैलाने से भी बचें। लोग अपनी सामान्य जरूरत के अनुसार ही पेट्रोल-डीजल और गैस सिलेंडर खरीदें और अनावश्यक रूप से स्टॉक जमा न करें। उन्होंने यह भी कहा कि अगर किसी को पेट्रोलियम उत्पादों या एलपीजी सिलेंडरों की कालाबाजारी या अवैध जमाखोरी की जानकारी मिलती है तो तुरंत जिला प्रशासन को सूचित करें, ताकि संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा सके।