लाइफस्टाइल : मार्च का महीना घूमने-फिरने के लिहाज से बड़ा जबरदस्त होता है। यह साल का वो समय होता है जब कड़ाके की ठंड पड़ रही होती है और पसीने वाली गर्मी अभी शुरु नहीं हुई होती। आस-मान बिल्कुल साफ रहता है। हर ओर हरियाली दिखती है और सबसे खास बात ये है कि इस दौरान टूरिस्टों की भीड़ भी काफी कम मिलती है। चाहे आप मन की शांति के लिए किसी पवित्र जगह पर जाना चाहते हैं या पहाड़ों की ठंडी हवाओं का फायदा लेना चाहते हैं तो मार्च में भारत के ये ठिकाने आपके लिए अच्छे साबित होंगे।
उदयपुर
झीलों के इस शहर उदयपुर में मार्च का मौसम हल्की धूप और ठंडी हवाओं के साथ बेहद लुभावना लगता है। राजस्थान की तेज गर्मी शुरु होने में अभी काफी समय है। यही कारण है कि घूमने का यही सबसे अच्छा मौका है। साफ नीले आस-मान की परछाई जब पिछोला झील के पानी में दिखती है तो शहर किसी अपने जैसा सुंदर दिखने लगता है। इसके अलावा आप यहां के शानदार सिटी पैलेस को देख सकते हैं। इसके अलावा जग मंदिर में जा सकते हैं। इतना ही नहीं सहेलियों की बाड़ी के बगीचों में टहलना और झील किनारे शाम बिताना आपको एक अलग ही तरह का सुकून देगा।
ऊटी
दक्षिण भारत का मशहूर हिल स्टेशन ऊटी मार्च में अपनी असली रंगत में होता है। इस समय यहां के बगीचे रंग-बिरंगे फूलों से भर जाते हैं। इसके अलावा चाय के बागान बहुत ही ताजे और हरे-भरे दिखते हैं। सिर्फ यही नहीं भीड़ कम होने के कारण से यहां काफी शांति रहती है। ऊटी झील में नाव चलाना और यहां की मशहूर टॉय-ट्रेन की सवारी करना एक ऐसा अनुभव है जो हर किसी को पसंद आता है। साथ ही यदि आप ऊंचाई से पहाड़ों की खूबसूरती देखना चाहते हैं तो डोड्डाबेट्टा पीक में जरुर जाएं।
वाराणसी
यदि आप मन की शांति चाहते हैं तो मार्च में बनारस या फिर वाराणसी जा सकते हैं। इस समय पर यहां की सुबह काफी सुहावनी होती है। शाम को हल्की ठंड भी होती है। ज्यादा धूप न होने के कारण से आप बनारस की मशहूर तंग गलियों में बिना थके घंटों घूम सकते हैं। बाबा विश्वनाथ के दर्शन कर सकते हैं। इसके अलावा सुबह-सुबह गंगा नदी में नाव की सवारी, शाम को घाट में होने वाली गंगा आरती देखकर आपके दिल को काफी अच्छा लगेगा।
गंगटोक
सिक्किम की राजधानी गंगटोक में मार्च से बसंत का मौसम शुरु हो जाता है। इस दौरान चारों ओर फूल खिलने लगते हैं। इसके अलावा पहाड़ों की चोटियां भी बिल्कुल साफ नजर आती हैं। इस दौरान यहां का मौसम भी काफी अच्छा होता है। पहाड़ों की ताजी हवा आपको तरोताजा कर देगी। इतना ही नहीं आप त्सोमगो झील का साफ पानी भी देख सकते हैं। रुमटेक मठ में जाकर आपको अलग शांति मिलेगी। शाम के समय एमजी मार्ग पर टहलते हुए लोकल खाने का स्वाद लेकर आप इस ट्रिप का मजा ले सकते हैं।
वायनाड
प्रकृति से प्यार करने वालों के लिए मार्च में वायनाड किसी जन्नत से कम नहीं है। इस दौरान यहां की पहाड़ियां कॉफी के बागानों की खूशबू से महकती रहती है। इस दौरान मौसम भी काफी अच्छा होता है। अच्छी बात यह है कि इस दौरान बारिश का डर नहीं होता ऐसे में आप आराम से एड्ककल गुफाओं की पुरानी नक्काशी देखने के लिए जा सकते हैं। इसके साथ ही बनासुरा सागर बांध के नजारे और चेम्ब्रा पीक की मशहूर दिल के आकार वाली झील तक की छोटी सी ट्रेकिंग आपके सफर को खास बना देगी।