नई दिल्ली: कानपुर के पनकी क्षेत्र में स्थित एचडीएफसी बैंक की एक शाखा से जुड़ा वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में बैंक के अंदर महिला कर्मचारी और एक महिला खाताधारक के बीच में तीखी बहस हो रही है। आरोप है कि खाताधारक की शिकायत पर बैंक कर्मी ने अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया और खुद को ठाकुर बोलते हुए धमकी दी है। घटना के बाद बैंक कर्मियों के व्यवहार और ग्राहक सेवा को लेकर भी सवाल उठने लगते हैं।
ठाकुर बताते हुए महिला ने दिखाया दबदबा
वायरल हुए इस वीडियो में यह साफ देखा जा सकता है कि महिला खाताधारक काउंटर के सामने खड़ी है और बैंक कर्मचारी से किसी समस्या को लेकर बात कर रही है। बातचीत के दौरान माहौल अचानक से गर्म हो गया। आरोप है कि महिला बैंक कर्मी खुद को ठाकुर बता रहे थी और दबदबा दिखाने की कोशिश कर रही है। वह खाताधारक को धमकाती है। इसी दौरान वह मेज पर रखे कागजों को उठाकर महिला की ओर फेंकने का भी प्रयास करती दिखती है।
इस पूरी घटना के समय वहां पर मौजूद बाकी कर्मचारी स्थिति को संभालने की कोशिश करते हैं। वीडियो में एक अन्य महिला कर्मचारी बीच-बचाव करते हुए दिखते हैं जो विवाद को शांत करवाने का प्रयास करते हैं हालांकि कथित तौर पर नाराज बैंक कर्मी रुकने का नाम नहीं लेती और लगातार ऊंची आवाज में बात करती रहती है। वीडियो में वह महिला खाताधारक से यह भी कह रही है कि यह बात अपने पति से जाकर करो। वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर इस घटना को लेकर तीखी प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं।
यूजर्स ने उठाए सवाल
इस वीडियो को देखने के बाद यूजर्स अपनी प्रतिक्रिया देते हुए दिख रहे हैं। एक यूजर ने कमेंट करते हुए लिखा कि – ‘भारतीय जाति से इतने ज्यादा प्रभावित क्यों है’।

अन्य ने लिखा कि – ‘यह औरत एचडीएफसी बैंक में है और कह रही है कि मैं ठाकुर हूं मुझसे पंगे मत लेना इसका अर्थ है कि जाति आपको खास पावर देती है पहले इसको सस्पैंड करो। प्राइवेट बैंक है तुम्हारा गांव नहीं। वही ड्रामा फिर से’।

एक ने एचडीएफसी बैंक से सवाल करते हुए लिखा कि – ‘भाई क्या हो रहा है ऐसे आपका बैंक चलता है। बहुत ज्यादा जातिवाद है आपके बैंक में’।

एक ने योगी सरकार पर सवाल उठाते हुए लिखा कि – ‘ठाकुर मतलब राजपूत योगी सरकार में राजपूतों को गुंडागर्दी करने की पूरी आजादी दे दी गई है’।

