नई दिल्ली : पीएम नरेंद्र मोदी बीते दिन सोमनाथ स्वाभिमान पर्व में शामिल होने के लिए सोमनाथ में पहुंचे थे। पीएम को देखने के लिए देश भर से आए भक्तों में अलग ही उत्साह देखने को मिला। ड्रोन शो के जरिए सोमनाथ के साहस, स्वाभिमान और सांस्कृतिक विरासत को दिखाया गया। वहीं इसके साथ पीएम मोदी ने 11 जनवरी यानी आज सोमनाथ में एक कार्यक्रम संबोधित किया।
आज भी स्वाभिमान से खड़ा है सोमनाथ मंदिर
पीएम मोदी ने सोमनाथ स्वाभिमान पर्व को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि – महमूद गजनी से लेकर औरंगजेब तक हमले कर रहे थे पर वो यह भूल गए थे कि सोमनाथ के नाग में सोम यानी की अमृत है। ऐसे में जब जब भी मंदिर को नष्ट करने की कोशिश की गई तो मंदिर उठ खड़ हुआ। पीएम मोदी ने कहा कि मजहबी आततयी इतिहासों के पन्नों में सिमट गया परंतु सोमनाथ मंदिर आज भी स्वाभिमान के साथ खड़ा हुआ है।
सोमनाथ मंदिर पर महादेव का हाथ
पीएम ने आगे कहा कि – ‘एक हजार साल पहले इसी जगह पर क्या माहौल रहा होगा। आज आप जो यहां पर उपस्थित हैं। उसके लिए पुरखों ने अपनी जान की बाजी लगा दी। अपनी आस्था के लिए अपने विश्वास के लिए और अपने महादेव के लिए सब न्योछावर कर दिया था। हजार साल पहले वो आततायी यह सोच रहे थे कि उन्होंने हमें जीत लिया है परंतु आज एक हजार साल के बाद भी सोमनाथ मंदिर पर फहरा रही ध्वजा पूरी तर से सृष्टि का आह्वान कर रही है। इससे पता चलता है कि हिंदुस्तान की क्या शक्ति है और उसका सामर्थ्य क्या है’।
ड्रोन शो में भी हुए थे शामिल
आगे पीएम ने कहा कि – ‘मैंने कल रात देखा कि 1,000 ड्रोनों के द्वारा वैदिक गुरुकुलों के 1000 विद्यार्थियों की उपस्थिति और सोमनाथ के 1,000 सालों की गाथा का प्रदर्शन किया गया। आज 108 अश्वों के साथ मंदिर तक शौर्य यात्रा, मंत्र और भजनों की अद्भभूत प्रस्तुति सभी कुछ मंत्र मुग्ध कर देने वाला है। उन्होंने कहा कि इस आयोजन में गर्व है, गरिमा का ज्ञान भी है। इसमें वैभव की विरासत है इसमें अध्यात्म की अनुभूति है, आंनद है, आत्मीयता है और देवाधिदेव महादेव का आशीर्वाद भी है’।