अमृतसर। श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गड़गज ने पगड़ी के अपमान मामले पर कड़ा रिएक्शन दिया है। वहीं, मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि डेरा बाबा नानक की घटना के दौरान पगड़ी हटाए जाने की बात को राजनीति टकराव समझा जा सकता है, लेकिन किसी भी नेता का पगड़ी को लेकर घटिया बयान बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पगड़ी न सिर्फ हमारा हमेशा रहने वाला धार्मिक निशान है, बल्कि गुरु पातशाह की दी हुई बादशाहत भी है। गुरबाणी साफ है – पगड़ी का सिर ही सबूत है। पगड़ी या उनके बारे में दूसरे बुरे शब्द बोलना बहुत बुरा है।
जत्थेदार ने साफ कहा कि जिस व्यक्ति ने यह बयान दिया है, वह शायद पगड़ी की अहमियत से पूरी तरह अनजान है। “जिसने भी कभी पगड़ी पहनी हो, जिसे गुरु की परंपरा और सिख इतिहास का ज्ञान हो, वह कभी ऐसे अशब्द नहीं बोल सकता। यह एक निंदनीय घटना है।
उन्होंने कहा कि इस मामले को लेकर संगत में बहुत गुस्सा है और इसे आम राजनीतिक बयानबाजी नहीं माना जा सकता। “देश की आजादी से लेकर सीमाओं की रक्षा तक—पगड़ी पहनने वाले सिखों का योगदान बेमिसाल है। ऐसे में पगड़ी की बेअदबी से पूरे देश की भावनाओं को ठेस पहुंचती है।
उन्होंने यह भी कहा कि राजनीति आती-जाती रहती है, लेकिन पगड़ी की शान हमेशा बनी रहनी चाहिए। चुनाव के माहौल में भी यह याद रखना चाहिए कि वोट मिलना या न मिलना दूसरी बात है, लेकिन गुरु की पगड़ी का अपमान कभी बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।