लुधियानाः समराला में गांव घुलाल स्थित लुधियाना-चंडीगढ़ नेशनल हाईवे पर टोल प्लाजा को टोल कर्मचारियों ने फ्री कर दिया गया है। दरअसल, टोल कर्मियों का कहना है कि स्टाफ को वेतन न मिलने पर कामकाज बंद किया गया है। इस दौरान टोल कर्मियों ने कंपनी के खिलाफ रोष प्रदर्शन करते हुए धरना लगा दिया। वहीं टोल कर्मियों द्वारा प्रदर्शन की सूचना मिलने पर भारतीय किसान यूनियन (कादियां) भी स्टाफ के समर्थन में आ गई है। टोल प्लाजा कर्मियों की मांगों को पूरा करने की मांग की गई। तब तक टोल प्लाजा को फ्री रखने का ऐलान किया गया।
स्टाफ के कर्मियों ने टोल प्लाजा के प्रबंधक द्वारा कर्मचारियों को समय पर वेतन न देने और अन्य मांगों को लेकर टोल प्लाजा फ्री कर दिया। यहां काम करने वाले अमन सिंह व कुलवीर सिंह ने बताया कि 6 अक्टूबर को घुलाल टोल प्लाजा पर एक नई कंपनी आई और नया मैनेजर भी आया। जिसके बाद मैनेजर द्वारा टोल प्लाजा के सभी कर्मचारियों को परेशान करना शुरू कर दिया गया। स्टाफ सदस्यों को समय पर वेतन न देना, टोल प्लाजा स्टाफ को उनका हक न देना और सवाल जवाब करने पर पुलिस प्रशासन से धमकाना।
टोल प्लाजा के कर्मचारियों का आरोप है कि दिवाली पर भी टोल मैनेजर ने कर्मचारियों को सिर्फ 500 रुपए दिए, जबकि हर साल दिवाली पर कर्मचारियों को कंपनी की ओर से अच्छा बोनस मिलता था। अब उनका वेतन भी कम किया जा रहा है। भारतीय किसान यूनियन (कादियां) के जिलाध्यक्ष हरदीप सिंह ग्यासपुरा ने कहा कि टोल प्लाजा के कर्मियों ने उनके ध्यान में मामला लाया था तो पहले उन्होंने मैनेजर को लिखित में पत्र दिया था। जिस पर कोई गौर नहीं किया गया। आज स्टाफ ने धरना लगाया तो वे इनके समर्थन में आए हैं। इनकी मांगों को पूरा कराया जाएगा। घुलाल टोल प्लाजा के मैनेजर रमनदीप ने कहा कि स्टाफ का वेतन का इश्यू है। वेतन आने में देरी हुई है। उन्होंने कंपनी के सीनियर अधिकारियों से बात की है। जल्द ही वेतन स्टाफ के खातों में आ जाएगा।