अमृतसरः जिले के भंडारी पुल पर विभिन्न वाल्मीकि संगठनों द्वारा विरोध प्रदर्शन किया गया। इस दौरान नेताओं द्वारा पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए डीएसपी का पुतला भी फूंका गया। प्रदर्शनकारी नेताओं ने गांव नशहरा स्थित भगवान वाल्मीकि मंदिर में भगवान वाल्मीकि महाराज जी की नेम प्लेट से हुई छेड़छाड़ के मामले में बेअदबी से संबंधित धारा पुनः लगाने की मांग की। वाल्मीकि सुधार सभा के प्रमुख पंकज नाथ शेरगिल ने आरोप लगाया कि मामले में पहले एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया था, लेकिन बाद में उसे छोड़ दिया गया।
उनका दावा है कि पुलिस जांच के दौरान मामले में लगी बेअदबी की धारा हटा दी गई, जिस कारण वाल्मीकि समाज में रोष है। नेता ने पुलिस अधिकारी की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए उच्च अधिकारियों से मामले की जांच और कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि इस संबंध में पहले भी पुलिस के उच्च अधिकारियों को मांग पत्र दिए जा चुके हैं, लेकिन मांगों पर कोई ठोस कार्रवाई न होने के कारण आज प्रदर्शन करना पड़ा।
पंकज नाथ शेरगिल ने चेतावनी दी कि यदि एक सप्ताह के अंदर मामले में कार्रवाई ना हुई और बेअदबी की धारा पुनः ना लगाई गई तो अगले चरण में उच्च पुलिस अधिकारियों के खिलाफ भी प्रदर्शन किया जाएगा। वाल्मीकि सुधार सभा रजिस्टर्ड पंजाब के महासचिव मेजर सिंह ने भी मांग की कि मामले में बेअदबी से संबंधित धारा पुनः लगाई जाए और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि मांगें न मानी गईं तो पंजाब स्तर पर संघर्ष किया जाएगा। वहीं, पुलिस द्वारा प्रदर्शनकारियों से मांग पत्र लेकर उनकी मांगों को उच्च अधिकारियों के ध्यान में लाने का आश्वासन दिया गया।