जालंधर, ENS: आम आदमी पार्टी के सांसद सुशील कुमार रिंकू को संसद के पूरे सत्र के लिए निलंबित कर दिया गया। उनपर संसद की गरिमा को ठेस पहुंचाने का आरोप लगा है। रिंकू को निलंबित करने का प्रस्ताव संसदीय कार्य मंत्री ने दिया। आप’ सांसद पर आरोप है कि उन्होंने कागज फाड़कर चेयर की तरफ फेंका। संसदीय कार्य मंत्री ने कहा कि सुशील कुमार रिंकू को सस्पेंड किया जाना चाहिए क्योंकि उन्होंने चेयर का अपमान किया है। इसके बाद ‘आप’ सांसद को पूरे सत्र के लिए सस्पेंड कर दिया गया।
ऐसे में वह सदन की कार्यवाही में हिस्सा नहीं ले पाएंगे। इससे पहले आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह भी पूरे मॉनसून सत्र के लिए निलंबित किए जा चुके हैं। आम आदमी पार्टी के इकलौते लोकसभा सांसद सुशील कुमार रिंकू को निलंबित करने का प्रस्ताव संसदीय कार्य मंत्री प्रहलाद जोशी लाए थे। उनपर वेल में दिल्ली सेवा बिल की कॉपी फाड़ने का आरोप था। स्पीकर ओम बिरला ने सुशील कुमार रिंकू को बाकी बचे सत्र के लिए निलंबित कर दिया।
सुशील कुमार रिंकू पंजाब के जालंधर लोकसभा सीट से सांसद हैं। पहले वो कांग्रेस में थे। लेकिन पार्टी विरोधी गतिविधियों के चलते कांग्रेस ने इसी साल 5 अप्रैल को उन्हें निष्कासित कर दिया था। इसके ठीक अगले दिन यानी 6 अप्रैल को रिंकू ने आम आदमी पार्टी का दामन थामा और उन्हें टिकट भी मिल गया। 10 मई को जालंधर में लोकसभा का उपचुनाव हुआ। 13 मई को नतीजे आए और 38 दिन के अंदर रिंकू सांसद बन गए। रिंकू 57 हजार से ज्यादा वोटों से जीते। दूसरे स्थान पर कांग्रेस की करमजीत कौर चौधरी रहीं। तीसरे नंबर पर शिरोमणि अकाली दल-बसपा गठबंधन के सुखविंदर सुखी और चौथे पर बीजेपी के इंदर इकबाल अटवाल रहे।